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Sitapur News: खैराबाद नगर पालिका में है सर्वाधिक ओबीसी की आबादी

Sun, 29 Jan 2023 12:42 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
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बिसवां नगर पालिका में पांच बार सभासद रह चुके अशोक कुमार गुप्ता ‘पुष्प’ ने पिछड़ा आयोग को बताया कि ओबीसी आरक्षण त्रुटिपूर्ण है, जिसे ठीक किया जाना जनहित में आवश्यक है। बिसवां मे छह स्थान ओबीसी के लिए आरक्षित किए गए जबकि नियमानुसार सात होने चाहिए। इसके लिए आरक्षण के फार्मूले का उल्लेख करते हुए बताया कि निकायोंं के अध्यक्ष में फार्मूले के अनुसार 53.73 फीसदी पर 54 पद आरक्षित किए गए। जबकि बिसवां में 6.75 फीसदी पर छह ही वार्ड आरक्षित किए गए। एक सिद्धांत अलग-अलग तरीके से लागू नहीं किया जा सकता।
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20 हजार से अधिक ओबीसी की नहीं की गई गणना
सीतापुर नगर पालिका के पूर्व सभासद आशुतोष कुमार मोनू ने बताया कि 11-12 साल में निकाय क्षेत्र की आबादी बढ़ी है। ग्रामीण क्षेत्रों से कई वार्डों में ओबीसी के लोग बड़ी संख्या में रहने लगे हैं। मकान बने हैं, इनकी गणना नहीं की गई है। करीब 20 हजार की ओबीसी आबादी गणना से छूटी है। इसलिए आरक्षण को सही नहीं कहा जा सकता। यदि यह आबादी बढ़ा दी जाए तो ओबीसी का प्रतिशत बढ़ जाएगा। इसके आधार पर अध्यक्ष पिछड़े वर्ग का होना चाहिए।

सही ढंग से किया गया आरक्षण
मिश्रिख-नैमिषारण्य के पूर्व सभासद ऋषि कुमार ने आयोग के समक्ष अपना पक्ष रखते हुए बताया गया कि निकाय का ओबीसी आरक्षण सही ढंग से किया गया है। इससे हम सहमत है। 27 फीसदी आरक्षण मिला है। सही प्रक्रिया अपनाए जाने का ही परिणाम है कि इस बार निकाय का अध्यक्ष ओबीसी के लिए आरक्षित किया गया था।
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त्रुटि रहित किया गया रैपिड सर्वे
महमूदाबाद नगर पालिका के पूर्व सभासद प्रदीप कुमार मौर्य ने बताया कि ओबीसी के लिए किए गए आरक्षण से सहमत है। इसमे कोई त्रुटि नहीं है। ओबीसी के लिए कराया गया रैपिड सर्वे भी सही है। निकाय में ओबीसी के कई सामान्य वार्ड पर भी ओबीसी जीत कर आते हैं। कुछ इसी तरह का पक्ष यहां के पूर्व सभासद उमेश वर्मा ने बताया। उन्होंने कहा कि किया गया आरक्षण सही है।
आरक्षण में सभी जातियों का है प्रतिनिधित्व
महमूदाबाद नगर पालिका अध्यक्ष के प्रतिनिधि अम्बरीश गुप्ता ने बताया कि जो आरक्षण सरकार ने लागू किया था, वह आरक्षण मान्य और सबके हित में है। पूरे जिले की निकायों में जो आरक्षण लागू हुआ उसमें सभी जातियों का प्रतिनिधित्व है। सरकार ने आवश्यक कार्यवाही करते हुए शासनादेश के अनुसार किया है जो कि सही है।
खैराबाद में सबसे अधिक और महोली में सबसे कम ओबीसी
यूपी निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष और सदस्य के समक्ष सभी निकायों की ओर से ओबीसी आबादी का विवरण प्रस्तुत किया गया। 11 निकायों में से खैराबाद नगर पालिका में सर्वाधिक 28373 ओबीसी की जनसंख्या है। यह कुल जनसंख्या का 58.76 फीसदी है। सीतापुर में 30.86, बिसवां में 44.05, मिश्रिख नैमिषारण्य में 38.06, लहरपुर में 53.24, महमूदाबाद में 51, पैंतेपुर में 57.91, हरगांव में 33.55, सिधौली में 40.03, तंबौर अहमदाबाद में 39.89 और नगर पंचायत महोली में ओबीसी की जनसंख्या सबसे कम 26.92 फीसदी है।
विधानसभा और सुप्रीम कोर्ट में दाखिल होगी रिपोर्ट
यूपी राज्य स्थानीय निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष राम औतार सिंह ने कहा कि निकायों में ओबीसी के राजनैतिक प्रतिनिधित्व के संबंध में अनुभवजन्य साक्ष्य एकत्रित किए जा रहे हैं। 12 जिलों मे जाकर संबंधित पक्षों की सुनवाई की जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि सीतापुर का काम बहुत अच्छा है। हमे कोई कमी नहीं दिखाई दी। हो सकता है कि छोटी-छोटी विषमता रह गई हो। उन्होंने डीएम अनुज सिह का जिक्र करते हुए कहा कि जहां-जहां युवा डीएम हैं, वहां का काम अच्छा मिला। बताया कि रिपोर्ट विधानसभा और सुप्रीम कोर्ट में दाखिल की जाएगी। सभी साथियों से कहा है कि रिपोर्ट में एक शब्द भी गलत नहीं होना चाहिए।
यूपी राज्य स्थानीय निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग ने की बैठकसीतापुर। यूपी राज्य स्थानीय निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष और सदस्य की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में शनिवार को बैठक हुई। इसमें सभी निकायों के अधिशासी अधिकारियों से जातिवार जनसंख्या के आंकड़े प्राप्त किए।

साथ ही 2006 से अब तक हुए चुनाव में ओबीसी के लिए आरक्षित सीटों की संख्या के सापेक्ष निर्वाचित सदस्यों की जानकारी ली। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से वार्ता करते हुए अभी तक हुए स्थानीय निकाय चुनाव के बारे में जानकारी ली और उनकी समस्याएं भी सुनीं।
ओबीसी आयोग के अध्यक्ष राम औतार सिंह और सदस्य बृजेश कुमार ने सभी 11 निकायों के ईओ से 2011 की जनसंख्या के अनुसार अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग की और ट्रांसजेंडर की जनसंख्या की जानकारी ली। उन्होंने ओबीसी के राजनैतिक प्रतिनिधित्व की स्थिति जानने के लिए निकायों में साल 2006, 2012, 2017 में हुए चुनाव में निकायवार निर्वाचित हुए सदस्यों की जानकारी ली। इसके तहत आरक्षित पदों के अतिरिक्त सामान्य की कितनी सीटों पर ओबीसी के लोग जीते।

इसकी संख्या भी जानी। कई निकायों में ओबीसी का प्रतिनिधित्व आरक्षण से अधिक पाया गया। आयोग के अध्यक्ष राम औतार सिंह ने बताया कि सीतापुर के नगर निकाय चुनाव में आरक्षण संबंधी किसी भी प्रकार की कोई भी विसंगतियां नहीं पाई गई हैं। बैठक के दौरान जिलाधिकारी अनुज सिंह, पुलिस अधीक्षक घुले सुशील चन्द्रभान, अपर जिलाधिकारी राम भरत तिवारी, नगर मजिस्ट्रेट अमृता सिंह, उपजिलाधिकारी सदर गौरव रंजन सहित समस्त नगर पालिका परिषद व नगर पंचायत के अधीशासी अधिकारी उपस्थित रहे।
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