दो दिन बाद भी तेंदुआ माइनर की पटरी को दुरुस्त नहीं किया जा सका। सोमवार शाम तक माइनर की पटरी को दुरुस्त नहीं किया जा सका है। जबकि विभागीय अधिकारी रविवार को ही माइनर की पटरी दुरुस्त करने की बात कह रहे थे। खेतों में पानी भरे रहने से किसानों की फसलें बर्बादी की कगार पर पहुंच गई हैं।
क्षेत्र के ग्राम उदयीभानपुर के पास से गुजरे तेंदुआ माइनर की पटरी शनिवार रात कट गई थी। इससे क्षेत्र की करीब डेढ़ सौ बीघा फसल जलमग्न हो गई थी। रविवार को क्षेत्र के अवर अभियंता अनूप राजवंशी ने माइनर की पटरी को दुरुस्त करने की बात कही थी। सोमवार को भी मानइर की पटरी जस की तस कटी पड़ी थी और किसान परेशान नजर आ रहे थे।
किसानों का कहना था कि सिंचाई विभाग के लोग आए जरूर लेकिन वे इस बर्बादी को देखकर चलते बने। वहीं, अवर अभियंता ने कहा कि रविवार को काफी प्रयास किया गया, लेकिन माइनर की पटरी दुरुस्त नहीं हो सकी, अब जेसीबी जेसीबी की मदद से ही पटरी को दुरुस्त किया जाएगा।