उर्दू शिक्षक भर्ती में एक शिक्षक ने फर्जीवाड़ा कर नौकरी हथिया ली। मोेअल्लिम ए उर्दू के अंकपत्र में थ्योरी व प्रैक्टिकल में नंबर बढ़ा लिए। जबकि टीईटी प्रमाणपत्र व काउंसलिंग के समय लगाए गए अंकपत्रों में नंबर भिन्न मिले हैं। इसका खुलासा आरटीआई के तहत मांगी गई सूचना से हुआ है।
2016 के मार्च व अप्रैल में उर्दू शिक्षकों की परिषदीय विद्यालयों में भर्ती प्रक्रिया अपनाई गई थी। इस भर्ती प्रक्रिया में अलीमुद्दीन का सहायक अध्यापक पद पर पिछड़ी जाति में चयन हुआ। अलीमुद्दीन ने काउंसलिंग के समय मोअल्लिम ए उर्दू अंकपत्र में थ्योरी में 400 में से 248 व प्रैक्टिकल में 200 में से 125 अंक दर्शाए।
इस अंकपत्र के आधार पर नौकरी प्राप्त कर ली है। इसके बाद खैराबाद के सुजावलपुर निवासी महबूब अली ने जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान खैराबाद से आरटीआई के तहत अलीमुद्दीन द्वारा टीईटी प्रमाणपत्र रिसीव करते समय लगाए गए अंकपत्रों की जानकारी मांगी थी।
जिसमें डायट की तरफ से दी गई सूचना में अलीमुद्दीन के मोअल्लिम ए उर्दू थ्योरी में 400 में से 168 व प्रैक्टिकल में 200 में से 105 नंबर प्राप्त होने की जानकारी दी गई है। इससे स्पष्ट होता है कि अलीमुद्दीन ने फर्जीवाड़ा कर नौकरी प्राप्त कर ली। उन्होंने प्रैक्टिकल में 20 व थ्योरी में 80 नंबर बढ़ा लिए हैं।