समायोजन रद्द होने के बाद शिक्षामित्र लगातार पांचवें दिन आंदोलित रहे। रविवार को पूर्व केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद ने धरनास्थल पर पहुंचकर उन्हें समर्थन दिया और संसद तक उनकी आवाज पहुंचाने का भरोसा दिलाया। विकास भवन के समक्ष धरनास्थल पर शिक्षामित्र सुबह से ही भारी तादाद में पहुंच गए।
इसे देखते हुए वहां पुलिस व पीएससी बल तैनात कर दिया गया था। दोपहर बाद जितिन प्रसाद पहुंचे। उन्होंने कहा हम यहां पर कोई राजनीति नहीं बल्कि आपका साथ देने आए हैं। समायोजन रद्द हो जाने लाखों परिवार प्रभावित हुए हैं, लेकिन केंद्र व राज्य सरकार की तरफ से इस मामले में अब तक कोई सुनवाई नहीं की गई।
कहा कि वे भले ही सांसद नहीं हैं, लेकिन कांग्रेस पार्टी के माध्यम से शिक्षामित्रों की आवाज संसद तक पहुंचाएंगे। उन्होंने कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा आज पुलिस लापरवाह बनी हुई है। चारों तरफ अराजकत्रा फैली हुई है। शिक्षामित्रों ने कहा इतने दिन बीत जाने के बाद भी सरकार की तरफ से कोई सार्थक पहल नहीं की गई है।
इस अवसर पर प्रदर्शनकारियों ने सदमे से मौत का शिकार हुए शिक्षामित्र व बार एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव की मौत पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर कांग्रेस जिलाध्यक्ष विनीत दीक्षित, बनवारी लाल गौतम, धर्मेद्र पांडेय, आकाश सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।