सीतापुर। जिले में बुखार व दमा का प्रकोप फैलता जा रहा है। जिला अस्पताल की ओपीडी में शुक्रवार को तीन हजार से अधिक मरीज इलाज के लिए कतार में लगे रहे। कई दिनों से आ रहे बुखार को चिकित्सक मलेरिया मान रहे हैं। इस वजह से पैथोलॉजी में भी भीड़ दिखी। 425 मरीजों की मलेरिया की जांच की गई। हालांकि इसकी रिपोर्ट आना बाकी है।
जिला अस्पताल में इस समय बुखार, दमा, नाक, कान व गले में दिक्कत संबंधी मरीज अधिक आ रहे हैं। इसके चलते शुक्रवार को फिजीशियन, ईएनटी कक्ष में मरीजों की लंबी-लंबी लाइनें लग रहीं। दो बजे तक मरीज अपनी बारी का इंतजार करते रहे।
सीएमएस डॉ. आरके सिंह ने बताया कि ओपीडी में आए अधिकतर मरीजों को कई दिनों से बुखार आ रहा है। अगर एक सप्ताह से अधिक बुखार आ रहा है तो उन्हें मलेरिया हो सकता है। इसी वजह से मरीजों की मलेरिया की जांच करवाई जा रही है। 425 मरीजों की मलेरिया व अन्य जांचें कराई गईं हैं। सांस रोग से पीड़ित अधिक मरीज आ रहे हैं। यह समस्या इंफेक्शन व अन्य कारणों से होती है।
बेड के साथ बेंच पर दो-दो मरीज
जिला अस्पताल में मरीजों की बढ़ती तादाद के कारण 270 बेड फुल हो गए हैं। अब बेंच पर भी जगह मिलना मुश्किल है। शुक्रवार को प्रिया खून की कमी के चलते काफी बीमार थी। वह काफी देर तक इंतजार करती रही। जब बेड नहीं मिला तो परिजनों ने मजबूरी में उसे एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया। इसी तरह महिला वार्ड में भी मरीज बढ़े दिखे। यहां बेंच पर दो-दो मरीज भर्ती नजर आए। सीएमएस डॉ. आरके सिंह ने बताया मौसम में बदलाव के बीच मरीज बढ़ रहे हैं। मरीज अधिक होने के चलते भर्ती करने में समस्या आ रही है।