आधी-अधूरी तैयारियों के बीच गुरुवार से 172 परीक्षा केंद्राें पर यूपी बोर्ड की परीक्षाएं शुरू होंगी। इन केंद्रों पर 90 हजार 45 विद्यार्थी एग्जाम देंगे। बुधवार को दिन भर परीक्षा केंद्रों पर तैयारियों को अंतिम रूम देने का काम जारी रहा। स्कूलों में जहां डेस्क स्लिप लगाने का कार्य हुआ।
वहीं, अधिकांश स्कूलों में कक्ष निरीक्षकों के नहीं पहुंचने की शिकायतें आती रहीं। पहली बार हाजिरी भेजने के लिए शुरू की गई मोबाइल एप व्यवस्था के सिम एक्टीवेट ही नहीं हो सके। वहीं, शिक्षक परीक्षा से ड्यूटी कटवाने के लिए तमाम जतन करते दिखे। बुधवार को आनन-फानन में सचल दल व कंट्रोल रूम का गठन किया गया। वहीं, स्कूलों के बाहर चस्पा लिस्ट देखने के लिए बुधवार को स्टूडेंट्स की भीड़ लगी रही।
एक्टीवेट नहीं हो सके सिम ः बोर्ड परीक्षा के दौरान विद्यार्थियों की हाजिरी भेजने के लिए पहली बार मोबाइल एप की व्यवस्था की गई है। इस व्यवस्था के तहत केंद्र व्यवस्थापकों को शासन की तरफ से एक सिमकार्ड दिया गया है। इस सिम के जरिए वह हाजिरी भेजेंगे। मगर बुधवार को अधिकांश केंद्र व्यवस्थापकों ने डीआईओएस से सिम एक्टीवेट नहीं हो पाने की शिकायत की। ऐसे में हाजिरी कैसे भेजी जाएगी, इसको लेकर अभी संशय है।
नहीं पहुंचे कक्ष निरीक्षक ः बोर्ड परीक्षा की कमान 4217 कक्ष निरीक्षक संभालेंगे। इनमें 2864 माध्यमिक शिक्षा विभाग व 1353 बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षक शामिल हैं। बुधवार को अधिकांश केंद्र व्यवस्थापकों ने डीआईओएस से शिकायत दर्ज कराई कि उनके स्कूल में तैनात कि गए कक्ष निरीक्षक नहीं पहुंचे हैं। जबकि एक दिन पहले शिक्षकों को आमद दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। इस पर डीआईओएस ने तत्काल संबंधित स्कूल के प्रधानाचार्य से बात करके शिक्षकों को रिलीव करने के निर्देश दिए।
172 केंद्रों पर होगी परीक्षा ः इस बार यूपी बोर्ड की परीक्षा में 90 हजार 45 विद्यार्थी सम्मिलित होंगे। जिसमें हाईस्कूल में 28 हजार 82 बालक व 25 हजार 67 बालिकाएं शामिल हैं। इसी प्रकार इंटर की परीक्षा में 19 हजार 926 बालक व 16 हजार 970 बालिकाओं ने रजिस्ट्रेशन कराया है। इन परीक्षार्थियों के लिए 172 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं।
ऐन मौके पर बढ़ा एक केंद्र ः बोर्ड परीक्षा संपन्न कराने के लिए 171 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। सरदार वल्लभ भाई पटेल शिक्षण संस्थान गोडै़चा को केंद्र नहीं बनाया गया था। जबकि यहां पर करीब एक सैकड़ा बालिकाएं पढ़ती हैं। जिस पर शासन ने ऐन मौके पर इस स्कूल को परीक्षा केंद्र बनाने के निर्देश दिए। अब केंद्रों की संख्या बढ़कर 172 पहुंच गई है।