गंभीर बीमारियों से जूझ रहे बच्चें को जल्द ही जिले में ही बेहतर इलाज मिलेगा। इन्हें सहूलियत देने को जिला अस्पताल परिसर में बच्चों के लिए आईसीयू यूनिट (इंटेस्टिव केयर यूनिट) बनेगी। इस पर दो करोड़ 52 लाख रुपये व्यय होंगे।
इस प्रोजेक्ट को मंजूरी मिलने के बाद शासन ने बजट रिलीज कर दिया है। शुक्रवार को सिटी मजिस्ट्रेट ने आईसीयू यूनिट बनाने के लिए चिह्नित स्थान का निरीक्षण किया। अब शनिवार को आईसीयू सेंटर का निर्माण शुरू हो जाएगा।
जिला अस्पताल में भर्ती होने वाले बच्चों की हालत जब गंभीर होती है और उन्हें आईसीयू में रखने की जरूरत होती है। तो उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया जाता है। तमाम बच्चों की लखनऊ जाते समय रास्ते में ही हालत बिगड़ जाती है।
समय से इलाज न मिलने पर कई बार उनकी जान पर भी बन आती है। ऐेसे में जिला अस्पताल में आईसीयू यूनिट की जरूरत काफी समय से महसूस जैसी सुविधा मिल जाए। अब शासन ने आईसीयू के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
शासन ने आईसीयू यूनिट बनाने के लिए 2 करोड़ 52 लाख का बजट पास कर दिया है। सीएमओ ने आईसीयू यूनिट बनाने के लिए 10 लाख रुपये की रकम कार्यदायी संस्था के खाते में भेज दी है। जिसके बाद कार्यदायी संस्था ने जिला अस्पताल परिसर में आईसीयू यूनिट के लिए भूमि चिह्नित कर ली है।
आईसीयू यूनिट परिसर में चिल्ड्रेन वार्ड के बगल में बनेगा। शुक्रवार को निर्माण के लिए भूमि देखने सिटी मजिस्ट्रेट जेपी गुप्ता जिला अस्पताल पहुंचे। यहां पर उन्होंने निर्माण वाले स्थान का निरीक्षण किया। इस दौरान सीएमएस डॉ. एके गौतम ने बताया कि जल्द ही जिला अस्पताल परिसर में बच्चों को आइसीयू यूनिट की सुविधा मिलने लगेगी। इसके लिए लोगों को लखनऊ नहीं भागना पड़ेगा।