सीतापुर। बेहटा के सोनसरी गांव में हेपेटाइटिस के 141 मरीज मिलने के बाद महिलाओं को लेकर विशेष सर्तकता बरती जा रही है। सीएचसी तंबौर आने वाली गर्भवती महिलाओं की रेगुलर जांच में हेपेटाइटिस की जांच को शामिल कर लिया गया है। हालांकि सोनसरी गांव के बाद अभी दूसरे गांव में नए मामले सामने नहीं आए हैं।
सीएचसी तंबौर की ओपीडी में रोजाना 250-300 मरीज आ रहे हैं। इसके अलावा गर्भवती महिलाओं को रेगुलर जांच के लिए प्रत्येक माह में चार बार सीएचसी बुलाया जाता है। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही इलाज चलता है। हेपेटाइटिस के एक साथ मामले निकलने के बाद गर्भवती महिलाओं की सेहत का विशेष ख्याल रखा जा रहा है।
दो सप्ताह से सीएचसी में करीब 300 महिलाओं ने अपनी जांच करवाईं। इसमें सभी महिलाओं की हेपेटाइटिस की जांच करवाई गईं। इसमें कोई भी महिला संक्रमित नहीं निकली है। महिलाओं को देखते हुए जिले स्तर से एक हजार से अधिक किट भेजी गई है। सीएचसी में किट के माध्यम से जांच करने के बाद हेपेटाइटिस की पुष्टि के लिए सैंपल जिला अस्पताल भेजा जाता है।
जिला अस्पताल भेजी गईं चार हजार गोलियां
सीएचसी तंबौर के माध्यम से सोनसरी गांव के हेपेटाइटिस पीड़ित मरीजों का इलाज चल रहा है। मरीज मिलने के बाद सीएमओ स्तर से यहां पर करीब 4200 गोलियां भेजी गई थीं। उधर, जिला अस्पताल की जांच में भी रोजाना दो से तीन मरीज सामने आ रहे हैं। इससे जिला अस्पताल से शासन को दवाओं की डिमांड भेजी गई है। आकस्मिक तौर पर मरीजों को दवा देने के लिए सीएचसी तंबौर से करीब 4200 गोलियां जिला अस्पताल वापस मंगवाई गई हैं।
शामिल कर ली गई है जांच
गर्भवती महिलाओं की रेगुलर जांच में हेपेटाइटिस को शामिल कर लिया गया है। प्रत्येक महिला की जांच हो रही है। वहीं, जिला अस्पताल को हेपेटाइटिस की दवाएं वापस भेजी गई है।
डॉ. मनोज कुमार, सीएचसी अधीक्षक तंबौर