सीतापुर। डेंगू पीड़ित मरीजों को जिले में प्लेटलेट्स की सुविधा मिलना दूर की कौड़ी साबित हो रही है। करीब आठ माह से जिला अस्पताल के ब्लॅड बैंक में कंपोनेट सपरेटर लगाने की कवायद चल रही है। अभी तक महज चार मशीनें ही आ सकी हैं। इस समय जब जरूरत पड़ रही है तो लोगों को कंपोनेट सपरेटर की कमी अखर रही है। विभागीय उदासीनता के चलते मरीज लखनऊ की दौड़ लगा रहे हैं।
जिला अस्पताल के ब्लॅड बैंक में करीब आठ माह पहले कंपोनेट सपरेटर लगाने की प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसके जरिए ब्लॅड से प्लेटलेट्स निकाला जाता है। इसके लिए करीब 20 लाख का बजट ढांचा बनाने के लिए ब्लॅड बैंक को प्राप्त हुआ था। करीब चार मशीनें भी आ गईं थीं। इसके लिए करीब आठ मशीनों की जरूरत पड़ेगी। उसके बाद से यह कवायद ठंडे बस्ते में चली गई है।
अस्पताल में प्लेटलेट्स निकालने की सुविधा न होने से मरीजों को दिक्कतें आ रही है। इस समय वायरल फीवर व डेंगू के मामले बढ़ रहे है। इन मरीजों को प्लेटलेट्स चढ़ाने की जरूरत पड़ रही है तो अस्पताल के पास रेफर करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचता है। इससे रोजाना सरकारी से लेकर प्राइवेट अस्पतालों तक से आठ से 10 मरीज रेफर किए जा रहे हैं। अगर यह सुविधा जिले में शुरू हो जाए डेंगू मरीजों को काफी हद तक सुविधा मिलेगी।
लिखा जा चुका है पत्र
कंपोनेट सपरेटर के लिए शासन स्तर से मशीनें आनी हैं। कई मशीनें आ गई हैं। कुछ मशीनें जल्द आने की उम्मीद है। इसके लिए शासन को पत्राचार भी किया जा चुका है।
- डॉ. आरके सिंह, सीएमएस, जिला अस्पताल