शहर में विद्युत पोल की शिफ्टिंग के चलते रविवार को आठ घंटे विद्युत आपूर्ति बाधित रही। इस आकस्मिक विद्युत कटौती से न सिर्फ यहां के उपभोक्ता बिजली को तरसे, बल्कि उन्हें पानी की समस्या से भी जूझना पड़ा। खास बात यह है कि रविवार को अवकाश होने से बच्चे, महिलाएं समेत बुजुर्ग पूरे दिन टीवी सहित अन्य मनोरंजन का भी लुत्फ उठा नहीं पाए। इमरजेंसी कटौती से यहां के तकरीबन एक दर्जन मोहल्लों की पचास हजार से अधिक आबादी प्रभावित रही।
मालूम हो शहर के पीएसी चौराहे से जीआईसी चौराहे तक का मार्ग का चौड़ा किया जा रहा है। इस मार्ग के चौड़ीकरण के बाद उस पर डिवाइडर का निर्माण कार्य प्रस्तावित है। पर विद्युत पोलों की एक से दूसरे स्थान पर शिफ्टिंग न होने से काफी समय से डिवाइडर निर्माण के कार्य में बाधा उत्पन्न हो रही थी। इस पर कार्यदायी संस्था की ओर से पावर कॉर्पोरेशन को पत्र लिखा गया था। इस मार्फत उसने विद्युत पोलों को दूसरी जगहों पर शिफ्ट कराने को कहा गया था। इस पर पावर कॉर्पोरेशन ने शहर में विद्युत पोलों की शिफ्टिंग की वजह से रविवार को सुबह 11 बजे से सायं छह बजे तक विद्युत आपूर्ति ठप करने का ऐलान किया था।
रविवार को ठीक 11 बजे विद्युत आपूर्ति ठप कर दी गई थी। बाद में शहर में विद्युत पोलों की शिफ्टिंग शुरू हुई। यह कार्य देर शाम तक चलता रहा। जिस कारण सिटी पावर हाउस से जुड़े वीआईपी इलाका सिविल लाइन, रामनगर, रोटी गोदाम, आफीसर कॉलोनी, आगा कॉलोनी, संजयनगर, लोहारबाग, आर्यनगर, आंख अस्पताल रोड व म्युनिस्पिल मार्केट आदि मोहल्लों में विद्युत आपूति गुल रही। तकरीबन आठ घंटे विद्युत आपूर्ति बाधित होने से इन मोहल्लों के लोगों को बिजली के साथ ही पानी की समस्या से भी जूझना पड़ा। इससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।