मौसम ने गुरुवार को करवट बदली। रिमझिम फुहारों ने गर्मी से बेहाल लोगों को काफी राहत दी। रुक-रुककर रिमझिम फुहारों का यह दौर देर रात तक चलता रहा। इससे पारा लुढ़ककर 28 डिग्री पर पहुंच गया। बदली और फुहारों के बीच तेज हवा ने मौसम खुशनुमा बना दिया।
इस माह मौसम की बेरुखी के चलते उमस भरी गर्मी ने लोगों को बेहाल कर रखा था। गुरुवार का दिन लोगों के लिए राहत भरा रहा। मौसम ने करवट बदली और आसमान पर काले बादलों ने डेरा जमा लिया। पूर्वान्ह 11 बजे से रिमझिम फुहारें पड़ने लगीं। फुहारों ने शहर की सड़कों पर निकले लोगों को भिगो दिया। 10 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार चलने वाली हवा ने मौसम बेहद खुशगवार बना दिया।
पारा भी लुढ़क गया। गर्मी से बेहाल लोगों को राहत मिली। फुहारें पडने का दौर रुक-रुककर देर रात तक चलता रहा। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार गुरुवार को अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। शुक्रवार को भी कहीं हल्की तो किसी हिस्से में तेज बारिश के आसार हैं।
इन दिनों धान व गन्ने की फसल को सिंचाई की जरूरत है। पिछले एक पखवाड़े से जिले में बारिश नहीं हुई है। नहरें भी सूखीं हैं। इससे सिंचाई का संकट बढ़ गया है। गुरुवार को फुहारें पडने से किसानों को बारिश की उम्मीद जगी। लेकिन देर रात तक अपेक्षित बारिश न होने से किसान मायूस नजर आए।