मास्टरबाग। कमलापुर-मास्टरबाग मार्ग के किनारे लोक निर्माण विभाग की ओर से महोली, जसमंडा व मास्टरबाग में नाले का निर्माण कराया जा रहा है। ग्रामीणों ने निर्माण में मानकों की अनदेखी का आरोप लगाया है। आरोप है कि कुछ जगहों पर बनते ही नाले की दीवारों में दरारें आने लगी हैं। सभी ने टीएसी जांच की मांग की है।
पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड-एक की ओर से कमलापुर-मास्टरबाग मार्ग का चौड़ीकरण कराया जा रहा है। इसके अलावा महोली, जसमंडा व मास्टरबाग में अलग-अलग टुकड़ों में करीब 1.5 किमी सड़क के दोनों तरफ नाले का निर्माण भी चल रहा है।
करीब एक करोड़ से अधिक की लागत से कराए जा रहे निर्माण में क्षेत्रीय ग्रामीणों ने अनियमितता का आरोप लगाया है। जसमंडा में 20 दिन पूर्व करीब 400 मीटर निर्माण कार्य कराया गया। इस गांव के दिनेश यादव ने बताया कि नाला अभी से टूटने लगा है। यह देखकर विरोध भी दर्ज कराया, लेकिन किसी ने इस बात पर ध्यान नहीं दिया।
मास्टरबाग कस्बे से लेकर खारझा तक भी नाले का निर्माण कराया जा रहा है। इसमें सरिया व अन्य सामग्री में अनियमितता बरतने का आरोप है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि नाले का फर्श ठीक से नहीं बनवाया जा रहा है।
संजय कुमार ने आरोप लगाया कि जिम्मेदार लाखों रुपयों की हेराफरी करने की जुगत में हैं। मानकों के विपरीत कराए जा रहे काम से नाला कुछ ही समय तक टिक पाएगा। नीचे की सतह में सामग्री बहुत कम लगाई जा रही है। इसकी टीएसी जांच होनी आवश्यक है। मोहीन, रज्जन, संजय रावत व राजेश आदि ने नाला निर्माण की जांच व कार्रवाई की मांग की है।
तीन साल से निष्प्रयोज्य पड़ा नाला
सिधौली-बिसवां मार्ग के चौड़ीकरण के दौरान सीतारसोई, ईश्वरीपुरवा, मझिगवां कला, अमझला व इंटिया शहीद में लाखों रुपया खर्च कर नाला निर्माण कराया गया था। यह नाला टूटने लगा है। इन नालों में कभी भी पानी नहीं बह सका है। आमजनता जल भराव से परेशान है। निष्प्रयेज्य नाला धीरे-धीरे मिट्टी से पटता जा रहा है।
मानकों के अनुरूप बनाया जा रहा नाला
कमलापुर-मास्टरबाग मार्ग के किनारे नाले का निर्माण मानकों के अनुरूप कराया जा रहा है। फर्श भी ठीक से बनाया जा रहा है। यदि कोई समस्या है तो जांच कराकर उसे ठीक करा दिया जाएगा।
-सत्यपाल, अवर अभियंता, पीडब्ल्यूडी