कमलापुर(सीतापुर)। कसमंडा ब्लॉक के एक राजस्व गांव में महिला सफाई कर्मचारी का पंचायत सहायक बेटा फर्जी तरीके से मां के हस्ताक्षर करता है। रजिस्टर पर हस्ताक्षर करते पंचायत सहायक कई बार सीसीटीवी में कैद हो गया। ग्रामीणों ने प्रिंटआउट निकालकर मुख्यमंत्री को शिकायती पत्र भेजा है।
मामला ग्राम पंचायत जैतनपुर के मजरा राजस्व गांव रेंगामऊ का है। यहां वर्षों से तैनात सफाई कर्मचारी मिथिलेश कुमारी यादव का तबादला 29 जून 2019 को तत्कालीन डीपीआरओ ने राजस्व गांव ललवा कर दिया था, लेकिन मिथिलेश कुमारी नवीन तैनाती स्थल पर नहीं गईं।
12 जुलाई 2019 को इनका तबादला ललवा से पुनः रेंगामऊ हो गया। दो साल बाद 8 सितंबर 2021 को मिथिलेश कुमारी का तबादला रेंगामऊ से बेहड़ा बैकुंठपुर किया गया। इस बार इन्होंने नवीन तैनाती स्थल पर कार्यभार ग्रहण करना मुनासिब नहीं समझा और आठ दिन बाद ही इन्होंने अपना स्थानांतरण एक बार फिर रेंगामऊ करा लिया।
23 अगस्त 2025 को एडीओ पंचायत सिधौली के औचक निरीक्षण में मिथिलेश कुमारी कार्य स्थल से अनुपस्थित पाई गईं। आरोप है कि इनका पुत्र अंबुज यादव पंचायत सहायक ग्राम पंचायत सुल्तानपुर मारुफ मां के उपस्थिति रजिस्टर पर फर्जी तरीके से हस्ताक्षर करता है। 27 व 28 अगस्त को अंबुज यादव मां के फर्जी हस्ताक्षर करने पंचायत भवन जैतनपुर आया, जहां वह दस्तखत करते हुए सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया।
29 अगस्त को मां की जगह अंबुज यादव कार्य करते समय अन्य सफाई कर्मचारियों के साथ कैमरे में कैद हो गया। इसको लेकर रेंगामऊ गांव के दिनेश, नरेंद्र कुमार, बाबूराम, राजाराम, मनीष, केशन समेत तमाम ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री से शिकायत की है।