श्रद्धालुओं ने सुबह से ही स्नान दान के पश्चात् नैमिष के विभिन्न दर्शनी स्थलों हनुमान गढ़ी, कालीपीठ, व्यास गद्दी, सूत गद्दी, बालाजी मंदिर देवपुरी मंदिर एवं देवदेवेश्वर समेत अनेकों मंदिरों में आस्था के साथ पूजन अर्चन किया।
ललिता देवी मंदिर में सैंकड़ों श्रद्धालुओं ने अपने बालकों का मुण्डन संस्कार भी किया। वहीं स्वामी नारदानन्द आश्रम में ब्रह्मलीन पीठाधीश्वर स्वामी विवेकानन्द जी का जन्मोत्सव परम्परानुसार उपासना दिवस के रूप में मनाया गया।