लकड़ी माफिया ने सोमवार रात आम का बाग काट डाला और लकड़ी लेकर चले गए। कटान मंगलवार दोपहर तक चलती रही लेकिन वन विभाग अंजान बना रहा। अब विभाग के अधिकारी जांच व कार्रवाई की बात कह रहे हैं।
सरियापुर गांव के बाहर आम का बाग है। सोमवार रात बाग स्वामी व लकड़ी माफिया ने बाग काटना शुरू कर दिया। पेड़ कटते रहे और लकड़ी के बोटों को ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से ढोया जाता रहा। मंगलवार दोपहर तक यह सिलसिला चला। लकड़ी माफिया ने 12 आम के पेड़ काट डाले और लकड़ी भी ढो ले गए।
गार्ड विनीत कुमार कटान से अनभिज्ञता जता रहा है। बाग स्वामी कौन है और लकड़ी किस ठेकेदार ने काटी इस संबंध में कोई भी बोलने को तैयार नहीं है। उधर, वन विभाग के अधिकारियों ने कटान का परमिट जारी न होने की बात कही है। क्षेत्र के लोगों की माने तो इस क्षेत्र में जिम्मेदारों व लकड़ी माफिया के गठजोड़ के कारण अवैध कटान तेज हो रही है।
जांच की जाएगी
पेड़ को काटने का परमिट जारी नहीं हुआ है। यदि अवैध रूप से कटान हुई है, तो जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
आरएन चौधरी, रेंजर