सीतापुर के तंबौर क्षेत्र में पकड़ा गया मगरमच्छ।
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तंबौर थाना क्षेत्र में गुरुवार रात एक मगरमच्छ शारदा नदी से निकलकर करीब के शिव मंदिर में घुस गया। शुक्रवार सुबह पूजा अर्चना करने पहुंचे श्रद्धालुओं ने जब मंदिर में मगरमच्छ को देखा तो हड़कंप मच गया। वन कर्मियों ने उसे पकड़कर घाघरा में छोड़ा।
ग्राम रतनगंज के निकट शारदा तट पर त्यागी बाबा का आश्रम है। आश्रम में शिव मंदिर बना है। गुरुवार रात किसी पहर एक मगरमच्छ शारदा नदी से आश्रम में घुस गया। शुक्रवार सुबह जब क्षेत्र के नागरिक शिव मंदिर में पूजा करने पहुंचे, तो वहां का दृश्य देख उनके पैरों तलें जमीन खिसक गई।
शिवलिंग के करीब ही एक मगरमच्छ बैठा हुआ था। खबर फैलते ही पूरे गांव में हड़कंप मच गया। वन दरोगा सुरेश चंद्र शुक्ला व अजय शुक्ला जाल व रस्सी आदि लेकर मंदिर पहुंचे। यहां वन कर्मियों ने कड़ी मशक्कत से मगरमच्छ को काबू में किया।
जिसके बाद उसे एक पिकअप में डालकर काशीपुर घाट पहुंचे। यहां पानी कम था। इसके बाद टीम चहलारी घाट पहुंची और मगरमच्छ को घाघरा में छोड़ दिया। इस दौरान करीब 7 घंटे तक वन कर्मियों को मशक्कत करनी पड़ी।
लखीमपुर जिले से आया
जिले की नदियों में मगरमच्छ देखने को नहीं मिलते हैं। वन विभाग की माने तो यह मगरमच्छ पड़ोसी जिला लखीमपुर से बहकर यहां तक पहुंचा है। लखीमपुर के दुधवा जंगल से गुजरने वाली शारदा नदी में काफी मगरमच्छ हैं। शायद उन्हीं मगरमच्छों में से भटककर यह सीतापुर जिले में पहुंच गया।