कांग्रेसियों को गिरफ्तार ले जाती पुलिस।
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बाराबंकी। भारत कृषि प्रधान देश है। खेती और किसान के बिना देश की कल्पना करना संभव नहीं हैं। इसके बावजूद देश का अन्नदाता 26 दिन से अपने वजूद की लड़ाई लड़ रहा है। कृषि कानून के विरोध में दिल्ली की सीमा पर चल रहे आंदोलन में अब तक दो दर्जन से ज्यादा किसानों की जान जा चुकी है। कांग्रेस पार्टी पूरी जिम्मेदारी के साथ किसानों के साथ है। ये बातें उत्तर प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के मध्य जोन के कार्यकारी अध्यक्ष तनुज पुनिया ने बुधवार को किसान दिवस पर पार्टी कार्यालय में कहीं। इसके बाद कांग्रेसी ताली और थाली बजाते हुए भाजपा सांसदों व विधायकों को नींद से जगाकर अन्नदाताओं की पीड़ा से अवगत कराने व कृषि कानून तत्काल वापस लेने की मांग के लिए निकल पड़े।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मोहसिन की अगुवाई में सैकड़ों कांग्रेसियों ने बुधवार को ‘किसानों के सम्मान में कांग्रेस पार्टी मैदान में’ तथा ‘किसान विरोधी कृषि कानून वापस लो, वापस लो...’ के नारों के साथ सांसद उपेंद्र रावत के आवास की ओर कूच कर दिया। मगर कार्यालय के बाहर ही एसडीएम अभय पांडेय, सीओ सिटी सीमा यादव तथा कोतवाल पंकज सिंह ने पुलिस बल के साथ कांग्रेसियों को रोक लिया। जबरदस्त धक्कामुक्की के बाद जिलाध्यक्ष सहित सभी कांग्रेसियों को हिरासत में लेकर पुलिस लाइन ले जाया गया। जहां से कुुछ देर बाद सभी को छोड़ दिया गया। इस प्रदर्शन में राजेंद्र वर्मा, गौरी यादव, शबनम, केसी श्रीवास्तव समेत बड़ी संख्या में कांग्रेसी शामिल रहे।
संकल्प स्वाभिमान यात्रा निकालेगी कांग्रेेस
राहुल गांधी तथा प्रदेश की प्रभारी व कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा की मेहनत रंग लायी। हाथरस की घटना में माननीय उच्च न्यायालय के हस्तक्षेप से सीबीआई जांच के आदेश हुए और उसकी चार्जशीट में योगी सरकार का कथन झूठ साबित हुआ। इस तरह हाथरस की बेटी के साथ इंसाफ हुआ। देश के संविधान और हाथरस की बेटी के सम्मान में 24 दिसंबर को मध्यजोन के जनपदों में कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के पदाधिकारी व कार्यकर्ता नगर की वाल्मीकि बस्ती में संकल्प स्वाभिमान यात्रा निकालकर महर्षि वाल्मीकि की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर यात्रा का समापन करेंगे।