सीओ सिटी ने महिलाओं पर चलाई लाठी।
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पूर्व प्रधानमंत्री स्व. राजीव गांधी की प्रतिमा मिर्जापुर जिले में तोड़े जाने के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ता सोमवार को सड़क पर उतर आए। इस दौरान प्रदेश के मुख्यमंत्री का पुतला जलाने का प्रयास किया। पुतला छीनने के दौरान पुलिस व कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच हाथापाई भी हुई। पुलिस ने सड़क पर लाठियां फटकार कर धमकाने का प्रयास किया। बाद में पुलिस पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं को कोतवाली ले गई।
मिर्जापुर जिले में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की प्रतिमा तोड़ने के विरोध में सोमवार को कांग्रेस पार्टी के पदाधिकारी व कार्यकर्ता लालबाग पार्क में एकत्र हुए। यहां से कार्यकर्ता जिलाध्यक्ष विनीत दीक्षित के नेतृत्व में नारेबाजी करते हुए, सड़क पर उतर आए। उनके हाथ में एक पुतला भी मौजूद था।
लालबाग चौराहे पर आते ही प्रदर्शनकारियों ने प्रदेश के मुख्यमंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए, पुतले को फूंकने का प्रयास किया। इसी बीच पुतला छीनने को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं व पुलिस कर्मियों के बीच नोकझोंक शुरू हो गई। खुफिया विभाग के कर्मी पुतला छीनकर वहां से भाग निकले।
पुतला हाथ से जाते ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने लालबाग चौराहा जाम कर दिया और केंद्र तथा प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। इसी बीच सीओ रामसनेही, प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार सिंह दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और कार्यकर्ताओं से चौराहा खाली करने को कहने लगे।
कार्यकर्ताओं ने विरोध किया तो धक्कामुक्की शुरू हो गई। पुलिस ने धमकाते हुए सड़क पर लाठियां फटकारी और कार्यकर्ताओं को पकड़कर कोतवाली ले गई। इस संबंध में जिलाध्यक्ष विनीत दीक्षित ने पुलिस पर अभद्रता का आरोप लगाया है।
उनका कहना है कि पुलिस टीम में महिला पुलिसकर्मी नहीं थी। इसके बावजूद पुलिस टीम ने महिला कार्यकर्ताओं के साथ धक्कामुक्की की। लाठी से मारने का प्रयास भी किया। इस घटना की सूचना प्रदेश मुख्यालय भेज दी गई है। उधर प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार सिंह ने बताया कि अभद्रता का आरोप झूठा है।