नैमिषारण्य/सीतापुर। पूर्व उपमुख्यमंत्री व राज्यसभा सदस्य डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि अब कुछ लोग कह रहे हैं, कि हमें राममंदिर के कार्यक्रम का बुलावा नहीं मिला। राम मंदिर के पक्ष में सुप्रीम कोर्ट का निर्णय आने के बाद जब वे लोग नहीं आए तो अब उनसे उम्मीद नहीं की जा सकती कि ये लोग मंदिर आएंगे। वह बृहस्पतिवार को पहला आश्रम में आयोजित ब्राह्मण समागम में बोल रहे थे।
महंत नारायण दास के सानिध्य व ब्राह्मण चेतना परिषद की ओर से आयोजित कार्यक्रम में डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि अखिलेश यादव, मुलायम सिंह यादव, शिवपाल सिंह यादव व डिंपल यादव आज तक राम मंदिर नहीं आईं। मायावती नहीं आईं। सोनिया नहीं आईं। राहुल नहीं आए और न ही प्रियंका गांधी आईं। कांग्रेस तो राम के अस्तित्व को नकारने वाली पार्टी है। जिसने रामसेतु के अस्तित्व पर ही सवाल उठा दिया था। कांग्रेसियों को यदि वोट मिलेगा तो वे टोपी उतारकर तिलक लगा लेंगे और अजान की जगह भजन करने लगेंगे। सनातन को समाप्त करने वाले लोग सनातन का सम्मान क्या करेंगे।
उन्होंने ब्राह्मण समाज की एकजुटता पर जोर दिया। कहा कि अयोध्या में रामजन्म स्थल पर भव्य मंदिर में रामलला के दर्शन का सौभाग्य लगभग 550 वर्षों के बाद प्राप्त हो रहा है। ये अवसर न्याय की जीत है। उन्होंने पहला आश्रम में भगवान परशुराम की मूर्ति का अनावरण किया। खिचड़ी भोज में भी वह शामिल हुए। इससे पहले पुजारी गोपाल शास्त्री व लाल बिहारी के सानिध्य में ललिता देवी मंदिर में दर्शन पूजन किया। इस मौके पर महोली विधायक शशांक त्रिवेदी, मुनींद्र अवस्थी, चक्रतीर्थ पुजारी राजनारायण पांडेय, बनगढ़ महंत संतोष दास खाकी, आत्मप्रकाश मिश्रा, चरण दास त्यागी, गुदरू मिश्रा, विमल बजरंगी आदि मौजूद रहे।