सीतापुर। स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत ग्राम पंचायतों में सामुदायिक शौचालय बनाए गए हैं। इस योजना का मकसद गांवों को खुले में शौच मुक्त बनाते हुए स्वच्छता की बयार बहाना है। मछरेहटा ब्लॉक में कागजी दावों से हकीकत जुदा है। देखरेख के अभाव में ज्यादातर सामुदायिक शौचालयों की स्थिति बदहाल है। कहीं शौचालय में दरवाजे के पल्ले व पानी की टोंटी टूटी है तो कहीं जलापूर्ति के लिए मोटर अथवा पानी की टंकी नहीं है। ज्यादातर गांवों में बने सामुदायिक शौचालयों में ताले लटक रहे हैं। जिम्मेदारों की उदासीनता के चलते ग्रामीण स्वच्छता की योजना को पंख नहीं लग पा रहे हैं। प्रस्तुत है पड़ताल करती हुई एक रिपोर्ट...
पल्ला व टोंटी टूटे, मोटर गायब
मछरेहटा ब्लॉक की ग्राम पंचायत इटौवा के मजरा लखनीपुर में बना सामुदायिक शौचालय खंडहर में तब्दील हाेने लगा है। इस गांव के करन राजपूत, शिवचरण व राहुल ने बताया कि बीर बाबा मंदिर के सामने प्रधान ने सामुदायिक शौचालय बनवा दिया है, जो अनुचित है। विनीत व दीपक ने बताया कि नल में मोटर पड़ा था वह प्रधान निकाल ले गए। शौचालय के पल्ले, पानी की टोंटी, दरवाजे की कुंडी आदि टूटी हुई है। इसमें गंदगी का अंबार लगा है। आसपास झाड़ियां उगी हैं।
धवरपारा में सामुदायिक शौचालय दुर्दशा का शिकार
मछरेहटा ब्लॉक की ग्राम पंचायत धवरपारा में बना सामुदायिक शौचालय दुर्दशा का शिकार है। इसा गांव के सकरु ने बताया कि करीब एक वर्ष से शौचालय की सफाई नहीं की गई है। शौचालय के पास से गुजरने पर ही दुर्गंध आने लगती है। विद्युत कनेक्शन नहीं है, नल की चौकी आज तक नहीं बन पाई है। इसी तरह मछरेहटा की ग्राम पंचायत पहाड़पुर में बने सामुदायिक शौचालय का नल खराब पड़ा है। ग्रामीणों ने बताया कि टोंटी से पानी की सप्लाई नहीं होती है।
रमुवापुर में ग्रामीण खुले में शौच जाने को मजबूर
मछरेहटा की ग्राम पंचायत रमुवापुर में बनाया गया सामुदायिक शौचालय बदहाल है। शौचालय में गंदगी व्याप्त है। इस गांव के विनोद व मोंगरे ने बताया कि शौचालय में लगी पानी की टोंटी टूटी है। टंकी अलग रखी हुई है, टंकी से पानी की सप्लाई नहीं हो पा रही है। पानी की पाइप अस्त व्यस्त पड़ी है। विद्युत कनेक्शन नहीं है। सरोज, स्नेहलता, मधुरिमा आदि ने बताया कि गांव के सभी घरों में शौचालय नहीं है। सामुदायिक शौचालय अगर दुरुस्त हो जाए तो ग्रामीणों को खुले मे शौच नहीं जाना पड़ेगा।
स्थलीय निरीक्षण कर दूर कराएंगे समस्याएं
सामुदायिक शौचालय सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है। अगर इसको लेकर लापरवाही बरती गई है तो यह गलत है। स्थलीय निरीक्षण कर समस्या का समाधान कराया जाएगा। - राजेश तिवारी, बीडीओ मछरेहटा