सीतापुर। जिलाधिकारी राजागणपति आर ने मंगलवार को हरगांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) का निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाएं देखीं। अव्यवस्थाएं मिलने पर डीएम बेहद खफा दिखे। सीएचसी अधीक्षक के अनुपस्थित मिलने पर प्रतिकूल प्रविष्टि, प्रसव कम होने पर बीसीपीएम का 15 दिन का वेतन काटने व दवाओं का रखरखाव सही न होने पर चीफ फार्मासिस्ट को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने इमरजेंसी वार्ड देखते हुए निर्धारित दिन के अनुसार बेडशीट न होने व गंदी होने पर फार्मासिस्ट आदित्य प्रकाश पांडेय को प्रतिकूल प्रविष्टि के निर्देश दिए। एमओआईसी (सीएचसी अधीक्षक) डॉ. संजय गौड़ अनुपस्थित मिलने पर स्पष्टीकरण के निर्देश दिए। औषधि केंद्र पहुंचकर दवाओं की एक्सपायरी रजिस्टर को देखा। दवाओं का रखरखाव सही ढंग से न होने पर फार्मासिस्ट पर अनुशासनिक कार्यवाही करने के निर्देश दिए। भंडारण कक्ष में भी दवाओं का रखरखाव सही न मिलने पर चीफ फार्मासिस्ट को भी प्रतिकूल प्रविष्टि जारी करने के निर्देश दिए। बीपीएम (ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर) राहुल वाजपेयी द्वारा कार्यों में लापरवाही करने पर 15 दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने एमओआईसी द्वारा अपने कार्यों व दायित्वों का सही निर्वहन करने पर प्रतिकूल प्रविष्टि जारी करने के साथ अग्रिम आदेशों तक वेतन रोकने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने लेबर रूम रजिस्टर काे देखा। एचआरपी ट्रैकिंग रजिस्टर काे देखा। जिसमें एक महिला का वैक्सीनेशन न होने पर स्टाफ नर्स मंदाकिनी मिश्रा पर अनुशासनिक कार्यवाही के निर्देश दिए। उच्च जोखिम ट्रैकिंग रजिस्टर में दर्ज मरीज से जिलाधिकारी ने फोन के माध्यम से वार्ता करते हुए फीडबैक लिया।
लेबर रूम में प्रसव की जानकारी की तो पता चला कि 545 प्रसव का लक्ष्य है, जिसमें से कुल 324 प्रसव होने व आशाओं द्वारा संस्थागत प्रसव के लिए जागरूकता न फैलाए जाने पर बीसीपीएम(ब्लॉक कम्युनिटी प्रोसेस मैनेजर) संतोष कनौजिया का 15 दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने ड्यूटी पर तैनात कर्मचारी को निर्देश दिए कि रेफर किए गए मरीजों से वार्ता करते हुए उनका फीडबैक अवश्य प्राप्त करें। निरीक्षण के दौरान सीएमओ डॉ. सुरेश कुमार सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।