कमलापुर। बीते 72 घंटे के अंदर सिधौली तहसील क्षेत्र में निजी लाइनमैन के झुलसने की दूसरी घटना सामने आई। इस बार भी बिजली विभाग ने झुलसे हुए निजी लाइनमैन को अपने विभाग का न होना बताते हुए पल्ला झाड़ लिया है। वहीं घटना के बाद ग्रामीणों में काफी नाराजगी है।
इलाके के कुसमौरा गांव में मंगलवार शाम आई आंधी के चलते बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित हो गई थी। बुधवार सुबह आपूर्ति बहाल करने के लिए निजी लाइनमैन मलेली निवासी अंशू (20) को बुलाया गया था। वह पुलिया के पास लाइन ठीक कर रहे थे।
आरोप है कि इसी दौरान बिजली विभाग के कर्मचारियों ने अचानक सप्लाई शुरू कर दी, जिसके चलते करंट लगने से अंशू झुलस गए। ग्रामीणों ने तुरंत उनको निजी वाहन से सिधौली के एक अस्पताल में पहुंचाया। वहां हालत में सुधार न होने पर परिजनों ने उन्हें हिंद अस्पताल अटरिया में भर्ती कराया।
इससे पहले छह अप्रैल को ही सिधौली के संतनगर मोहल्ले में करंट लगने से अटरिया निवासी वीरू की मौत हो चुकी है। वह भी हाईटेंशन लाइन का फाल्ट दुरुस्त करने के लिए ही पेड़ पर चढ़े थे। घटना के बाद प्रदर्शन होने पर जिम्मेदारों ने सहायता राशि के साथ ही उनकी पत्नी को नौकरी देने तक का आश्वासन दे दिया था, लेकिन अगले ही दिन उन्हीं जिम्मेदारों ने वीरू को विभाग में कार्यरत न होने की बात तक कह डाली।