नैमिषारण्य (सीतापुर)। आम दिनों में श्रद्धालुओं को सहूलियतें उपलब्ध कराने वाली पुलिस मंगलवार को अलग रूप में नजर आई। अमावस्या को तीर्थ नगरी में पुलिस का कड़ा पहरा रहा। कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए पुलिस ने श्रद्धालुओं को नैमिषारण्य में प्रवेश तक नहीं करने दिया। ऐसे में सन्नाटा पसरा रहा।
अमावस्या मेला को स्थगित करने का ऐलान प्रशासन ने पहले ही कर दिया था। इसे लेकर तीर्थ नगरी में सोमवार से तैयारियां होने लगी थी। पुलिस ने मां ललिता देवी चौराहा, ठाकुर नगर तिराहा, पुराना बस अड्डा आदि स्थनों पर बैरिकेडिंग लगाई थी। मंगलवार भोर से ही इन स्थानों पर भारी पुलिस बल मुस्तैद हो गया। जानकारी होने के चलते श्रद्धालु नहीं आए।
एक दो आए भी तो उन्हें पुलिस ने वापस कर दिया। एसपी आरपी सिंह भी दूरभाष से समय-समय पर तीर्थ नगरी में तैनात अधीनस्थों से हाल चाल लेते रहे। मां ललिता देवी मन्दिर, व्यास गद्दी, सूत गद्दी, शौनक गद्दी, बाला जी मन्दिर, सत्यनारायण सन्निधि मन्दिर, देवदेवेश्वर, कालीपीठ आदि धर्मस्थलों के पट बंद रहे। चक्रतीर्थ पर पुलिस तैनात रही।
सूर्य कुंड मंदिर भी रहा श्रद्धालु विहीन
लहरपुर (सीतापुर)। लहरपुर क्षेत्र के प्रसिद्ध सूर्यकुंड मंदिर पर हर अमावस्या पर लगने वाले मेले पर कोरोना की साया दिखी। नैमिषारण्य की तरह ही यहां भी पुलिस तैनात रही। श्रद्धालु नहीं आए। दुकानें भी बंद रही। सीओ यादुवेंद्र यादव ने दिन में कई बार तीर्थ स्थल का जायजा लिया। सूर्य कुंड मंदिर क्षेत्र के लिए अस्था का केन्द्र है। यहां रोजाना हजारों श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ का दर्शन करने आते हैं। तीर्थ में स्नान भी करते हैं।