सीतापुर। महोली के भट्ठा पुरवा में संक्रामक रोग लोगों पर कहर बरपा रहे हैं। बीमारी पर अंकुश लगा पाने में विभाग के अधिकारी कामयाब नहीं हो पा रहे हैं। मेडिकल कालेज में भर्ती हुई भट्ठा पुरवा की प्रेमलता की मौत डेंगू से ही हुई है। इसकी पुष्टि मेडिकल कालेज द्वारा जारी किए गये मृत्यु प्रमाण पत्र में की गई है। जांच रिपोर्ट देखने के बाद महोली सीएचसी के चिकित्सकों ने भी इसकी पुष्टि कर दी है।
भट्ठा पुरवा में अभी तक मैलाथियान डस्ट व फागिंग ही की जा सकी है। जबकि चिकित्सको का कहना है कि डेंगू पर नियंत्रण के लिए डीडीटी का छिड़काव जरूरी है। आलम यह है कि विभाग के अधिकारी डीडीटी का छिड़काव कराने में नाकाम रहे हैं। यहां केतकी (45), ज्ञान सिंह (25), मान सिंह (20), शिवानी (12), अंजली (11) जिनका इलाज लखनऊ के सरकारी व निजी अस्पतालों में चल रहा है, वह भी डेंगू से ही पीड़ित बताये जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा क्षेत्र में डेंगू से बचाव के लिए आम लोगों को कोई जानकारी नहीं दी जा रही है। इस संदर्भ में जब सीएमओ डा. एसपी सिंह से बात की गई तो उन्होंने बताया कि रोग के नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम उठाये जा रहे हैं।