सीतापुर। अयोध्या से लौट रही श्रद्धालुओं की एक बस बृहस्पतिवार रात देवकलिया के पास ट्रक से टकराने के बाद अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरा गई। हादसे में बस में सवार 32 श्रद्धालु जख्मी हो गए। इनमें से सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इन सभी को बिसवां सीएचसी से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है, जहां से एक श्रद्धालु को गंभीर हालत में लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। ये सभी अयोध्या से रामलला के दर्शन कर घर लौट रहे थे। श्रद्धालुओं की मानें तो बस चालक की लापरवाही से यह हादसा हुआ है। चालक ने हेडफोन लगा रहा था।
बृहस्पतिवार को भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ला के नेतृत्व में सात हजार श्रद्धालुओं को अयोध्या में राम मंदिर के दर्शन के लिए ले जाया गया था। इसी जत्थे में शामिल एक बस से भाजपा कार्यकर्ता दर्शन करने के बाद देर रात घर लौट रहे थे। तभी रास्ते में रामपुर कलां थाना क्षेत्र में देवकलिया के पास बस अनियंत्रित होकर एक ट्रक से टकरा गई। इसके बाद अनियंत्रित हुई बस सड़क किनारे लगे पेड़ से टकराई। बस में 35 लोग सवार थे। जिसमें अधिकांश लोग चोटिल हो गए। इसमें कुछ भाजपा कार्यकर्ता भी थे। सूचना पाकर देर रात ही सदरपुर और रामपुरकलां थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। घायलों को सीएचसी बिसवां ले जया गया, जहां से सात लोगों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। इनमें से एक घायल को लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया।
जिला अस्पताल में भर्ती संजय ने बताया कि कई बार उसने चालक को रोकने का प्रयास किया। लेकिन वह नहीं रुका। बस चालक ने ट्रक को पीछे से टक्कर मारी। उसकी गति ज्यादा थी। चालक तुरंत ही कूदकर भाग गया। इसके बाद बस पेड़ से जा टकराई। चीख-पुकार मच गई। बस में सवार लोग किसी तरह जान बचाकर भागे। मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी को एंबुलेंस से सीएचसी भेज दिया। जिला अस्पताल में भर्ती घायलों का हाल जानने के लिए भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ला भी पहुंचे। सीओ सिधौली शोभित अत्री ने बताया कि घायलों का इलाज चल रहा है। एक श्रद्धालु को हालत गंभीर होने पर लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है।
चालक ने लगा रखा था हेडफोन
बस में सवार लालपुर निवासी संजय चौरसिया ने बताया कि हादसे के समय चालक ने कान में हेडफोन लगा रखा था। रामनगर में रुककर शराब भी पी थी। उसकी लापरवाही से रास्ते में भी बस एक कंटेनर से टकरा गई थी, जिससे उसका शीशा टूट गया था। कई बार हम लोगों ने उसको रोकने की कोशिश की थी, लेकिन वह नहीं माना। देवकलिया के पास अचानक बस में बैठे-बैठे तेज झटका लगा। चारों तरफ चीख पुकार मच गई। ट्रक से टकराने के बाद बस पेड़ से टकरा गई। अगर सड़क किनारे पेड़ न लगे होते तो हादसा और भी बड़ा हो सकता था। हादसे का यह मंजर बयां कर उनका गला रुंध गया। इस हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हैं और जिला अस्पताल में उनका उपचार चल रहा है। उन्होंने बताया कि हादसे के बाद उन्हें पहले सीएचसी ले जाया गया। वहां से जिला अस्पताल रेफर किया गया। उनकी तरह कई श्रद्धालु ड्राइवर की लापरवाही से चोटिल हो गए। मौके से ड्राइवर बस छोड़कर फरार हो गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
ये लोग हुए घायल
बिसवां (सीतापुर)। हादसे में घायल होने वाले थाना सदरपुर और कोतवाली बिसवां क्षेत्र के गांवों के रहने वाले हैं। जिसमें गांव लालपुर के सर्वेश (40), खुशीराम (42), गोवर्धन (56), संजय चौरसिया (35), सुनील (35), नरेंद्र (40) व एक अन्य को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। इसमें सुनील को लखनऊ रेफर कर दिया गया। इसके साथ ही मांझीपुर के संतोष कुमार (44), लालपुर के मुनीम (50), शिवम (19), मुन्नालाल (74), निरंकस (29), लाखन सिंह (40), पंकज (38), निरंकर (29), पंकज (33), राधेश्याम (50), सीताराम (32), राजकुमार (30), सुमेरीलाल (32), सुखाड़िया खुर्द के राजेश (44), पडरिया के रामहरे सिंह (60), खेमकरण (36), पिपरी के सर्वेश कुमार (21), जलालपुर के गुरदीप सिंह (40) पिपरीकला के चंद्रभान (70), राजेश (40), रामचंद्र (35) लालपुर के प्रवेश (35), नरेंद्रपुर के मोहन (65), रामू (36) आदि का इलाज बिसवां में चल रहा है।
पदाधिकारियों ने जाना हाल
सदरपुर (सीतापुर)। घटना के बाद भाजपा के पदाधिकारियों ने घायलों का हाल जाना। भाजपा जानकारी पर भाजपा जिला उपाध्यक्ष सुधाकर शुक्ला और नगर अध्यक्ष पंकज बिसवां सीएचसी पहुंचे। उन्होंने घायलों की दवाइयां और खाने पीने की व्यवस्था को देखा। इसके साथ ही मौके अन्य पदाधिकारी भी मौजूद रहे।