सीतापुर। स्कूल/कॉलेज बंद होने के कारण स्कूली वाहन स्वामियों को राहत मिली है। जिले में 210 अनफिट स्कूली वाहन 30 सितंबर 2021 तक फिट माने जाएंगे। उसके बाद उनको अपना फिटनेस करवाना होगा। यह छूट कोरोना के कारण वाहन स्वामियों को दी गई है।
स्कूली वाहनों का एआरटीओ ऑफिस में पंजीकरण कराना होता है। पंजीकरण के बाद इन वाहनों को फिटनेस करानी होती है। अगर वाहन सात साल से कम का है तो उसे दो साल की फिटनेस मिलेगी।
आठ साल के बाद वाहन को एक साल का फिटनेस प्रमाणपत्र दिया जाता है। इसके लिए वाहन को एआरटीओ कार्यालय में लाना होता है। वहां तकनीकी टीम वाहन की जांच करके उसको फिटनेस प्रमाणपत्र देती है।
एआरटीओ कार्यालय के मुताबिक जिले में 598 स्कूली वाहन पंजीकृत हैं। इनमें से 210 स्कूली वाहन स्वामियों को लॉकडाउन से पहले मार्च में नोटिस दिया गया था जिसके जरिए उनको अपने वाहन का फिटनेस कराने के निर्देश दिए गए थे। इस नोटिस के बाद कोरोना की लहर तेज हो गई।
वहीं खुलने को बेताब स्कूल कॉलेज फिर से बंद कर दिए गए थे। इसी वजह से इन वाहनों को राहत दी गई है। अब इनकी फिटनेस 30 सिंतबर 2021 तक वैध मानी जाएगी। 30 सिंतबर के बाद इनको फिटनेस कराना होगा।
आरआई रामबचन ने बताया कि जिन वाहन स्वामियों को फिटनेस का नोटिस दिया गया था, उनको 30 सितंबर तक राहत दी गई है। इस अवधि तक उनके फिटनेस प्रमाणपत्र वैध मानो जाएंगे।