सीतापुर। यूपी बोर्ड परीक्षा 2020 के परीक्षा केंद्र निर्धारण की कवायद शुरू हो गई है। छह सितंबर तक समस्त कॉलेज अपने यहां मौजूद मूलभूत सुविधाओं की डिटेल ऑनलाइन दर्ज करेंगे। इस डिटेल के बाद इनका विभागीय स्तर पर सत्यापन कराया जाएगा। इस सत्यापन के लिए विकासखंडवार डीआईओएस ने 19 टीमें गठित की है।
यह टीमें स्थलीय निरीक्षण करके अपनी जांच रिपोर्ट डीआईओएस को देंगी। इस रिपोर्ट के आधार पर परीक्षा केंद्र बनने की प्रक्रिया तय होगी। फरवरी माह में यूपी बोर्ड की हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की परीक्षा कराई जाएगी। इस परीक्षा के लिए आवेदन प्रक्रिया चल रही है। वही परीक्षा केंद्र निर्धारण के लिए प्रक्रिया शुरू हो गई है।
शासन ने छह सितंबर तक सभी कॉलेजों से ऑनलाइन अपने कॉलेज में मौजूद सुविधाओं की जानकारी अपलोड करने की हिदायत दी है। इस समय आवेदन प्रक्रिया चल रही है। इसके बाद ऑनलाइन डिटेल के आधार पर सत्यापन कराया जाएगा। सत्यापन के लिए डीआईओएस ने 19 टीमें गठित की हैं। यह ब्लॉकवार टीमें स्कूल जाकर डिटेल का सत्यापन करेगी।
फिर यही रिपोर्ट डीआईओएस ऑनलाइन दर्ज करते हुए केंद्र निर्धारण की प्रक्रिया को गति प्रदान करेंगे। प्रत्येक टीम में एक प्रधानाचार्य व एक सहायक अध्यापक को नियुक्ति किया गया है। पिछले बरस बोर्ड परीक्षा में करीब 90 हजार विद्यार्थी सम्मिलित हुए थे। विभाग का कहना है कि इस समय आवेदन प्रक्रिया चल रही है। इसी वजह से संख्या तय नहीं हो पाई है।
सात से शुरू होगा सत्यापन
यूपी बोर्ड परीक्षा केंद्रों के लिए सत्यापन प्रक्रिया सात सितंबर से शुरू होगी। नोडल अफसर 16 सितंबर तक इसका स्थलीय सत्यापन करें। 17 सितंबर को अपनी जांच आख्या निर्धारित प्रपत्र पर डीआईओएस कार्यालय में जमा करेंगे। अगर नामित अफसर गलत सत्यापन करते है तो इसकी जिम्मेदारी खुद की होगी। इन पर कार्रवाई भी की जाएगी।
गठित हुई टीमें
यूपी बोर्ड परीक्षा के सत्यापन को लेकर ब्लॉकवार टीमें गठित हो गई है। टीमों को निर्धारित समय में केंद्रों का स्थलीय सत्यापन करना होगा। जिससे समय से केंद्र निर्धारित हो सकें।
-नरेंद्र शर्मा, डीआईओएस