ऐशबाग-सीतापुर स्टेशन के बीच नए ट्रैक पर अब दोगुनी स्पीड से दौड़ेंगी ट्रेनें
सीतापुर। पूर्वोत्तर रेलवे के ऐशबाग-सीतापुर ट्रैक के आमान परिवर्तन के बाद नए ट्रैक पर ट्रेनें स्पीड से दौड़ेंगी। मीटर गेज से ब्रॉडगेज में तब्दील हुए ट्रैक पर अब न सिर्फ दोगुनी रफ्तार से रेलगाड़ियां फर्राटे भरेंगी, बल्कि मुसाफिर ट्रेन के जरिए सीतापुर-लखनऊ तक का सफर महज एक घंटे में तय कर सकेंगे।
अभी तक इन्हें यह सफर तय करने में दो से ढाई घंटे का वक्त लगता है। हालांकि इसके लिए उन्हें थोड़ा सा इंतजार करना होगा। बताते चलें कि सीतापुर के बाशिंदों को रेलवे ने सहूलियतें देने के लिए वर्षों पहले लखनऊ-सीतापुर-पीलीभीत तक रेल पथ बिछाया गया था।
तब से इस मीटर गेज लाइन पर 12 सवारी और एक्सप्रेेेस गाड़ियां दौड़ रही हैं। मीटर गेज लाइन होने से रेलयात्रियों को ट्रेनों से राजधानी तक सफर करने में ढाई से तीन घंटे का समय लग जाता था। नागरिकों की मांग पर वर्ष 1998 में रेलवे ने लखनऊ-सीतापुर-लखीमपुर खीरी-पीलीभीत तक मीटर गेज को ब्रॉडगेज में बदलने की योजना बनाई थी।
हालांकि यह योजना ठंडे बस्ते में चली गई थी। बरसों बाद इस प्रोजेक्ट को हरी झंडी मिलने के बाद सीतापुर-लखनऊ के बीच 130 सालों तक छोटी लाइनों का सफर 14 मई 2016 की मध्यरात्रि आमान परिवर्तन के कारण थम गया था। दो साल से इस रूट पर ट्रेनों का आवागमन पूरी तरह से बंद है।
विभागीय जानकारों की मानें तो अभी तक मीटर गेज पर ट्रेनें 50-60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से दौड़ती थी। लेकिन अब ब्रॉड गेज ट्रैक पर ट्रेनें दोगुनी स्पीड यानी 110-120 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से फर्राटा भरेंगी।
ऐसे में रेलयात्री महज एक घंटे में लखनऊ तक का सफर तय कर सकेंगे, लेकिन इसके लिए उन्हें थोड़ा इंतजार करना होगा, हालांकि हाल ही में हुए रेल अफसरों के दौरे में दिवाली तक ऐशबाग-सीतापुर ट्रैक पर ट्रेनें दौड़ाने के संकेत मिले हैं। उम्मीद है कि प्रकाश पर्व पर यहां की जनता को इसकी सौगात मिल जाएगी।