एक महिला ने तीन बरस पहले पीएम शहरी आवास के लिए आवेदन किया था। आरोप है कि उसे अभी तक आवास नहीं मिला है। आवास की आस में पीड़िता ने डूडा विभाग में संपर्क साधा तो जिम्मेदारों ने उसके संग दुर्व्यवहार किया।
शिकायत पर डीएम ने मामले की जांच परियोजना अधिकारी डूडा को सौंपी है। नगर पालिका लहरपुर के मोहल्ला बेहटी निवासिनी मंजू देवी ने डीएम को शिकायती पत्र भेजा है।
इसके मार्फत कहा है कि पीएम आवास योजना शहरी का फार्म भरवाकर वर्ष 2016 में ऑनलाइन आवेदन किया था। उसका नाम नगर पालिका की सूची में था।
आरोप है कि जब नाम दिखवाने डूडा आफिस गई तो वहां जिम्मेदारों ने कहा कि नाम कम्प्यूटर पर है फिर भी कहते हैं जाइए जो करना हो करो, हमारे पास नेतागीरी मत करें। मंजू देवी का कहना है कि वह भूमिहीन है।
मकान जर्जर है। इस मामले की जांच पीओ डूडा को सौंपी गई है। मालूम हो कि सैकड़ों पात्र पीएम शहरी आवास के लिए आवेदन करके काफी समय से भटक रहे हैं फिर भी उन्हें लाभ नहीं मिल पा रहा है। इसके विपरीत तमाम अपात्रों को आवासीय सुविधा दी गई है।
नगर पालिका सीतापुर क्षेत्र मोहल्ला लोनियनपुरवा निवासिनी एक महिला को पीएम शहरी आवास के लिए धनराशि दी गई है। जानकार सूत्रों के अनुसार इस महिला को कई बरस पहले अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम से दुकान निर्माण योजना में ऋण दिया गया था।
इससे दुकान तो बनवाई थी लेकिन शटर नहीं लगवाया था। ऋण की अदायगी भी नहीं की है। इसी दुकान को पीएम आवास में परिवर्तित किया गया है।
नगर मजिस्ट्रेट/ पीडी डूडा प्रेम प्रकाश उपाध्याय ने बताया कि महिला को किन परिस्थितियों में पीएम शहरी आवास सुविधा नहीं दी गई है, इसके साथ ही दुर्व्यवहार करने के मामले की जांच कराई जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।