बांसी कस्बे में अलाव के लिए गिराई जा रहीं हरी लकड़ियां। संवाद
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नगर पालिका बांसी में अलाव केे लिए सूखी लकड़ी की जगह हरी लकड़ियां गिराने का मामला सामने आया है। लोगों ने इस पर आपत्ति जताई है।
शीत लहर के प्रकोप से राहगीरों, मुसाफिरों व गरीबों को ठंड से बचाने के लिए शासन ने अलाव जलाने का आदेश दिया। नगर पालिका ने अलाव के लिए सूखी लकड़ियां आपूर्ति का टेंडर कर दिया है और दो दिनों से नगर के प्रमुख चौराहों पर अलाव जलाने के लिए हरी लकड़ियां गिराई जा रही हैं। सोमवार को अकबर नगर व श्यामनगर सहित विभिन्न वार्डों में हरी लकड़ियां नपा ने गिराई हैं, जो जल नहीं रही हैं।
हालत यह है कि एक दिन पूर्व के कटे आम के बोटे गिराए जा रहे हैं, मोहल्ले के लोगों का कहना है कि अलाव के लिए गीली लकड़ी गिरा कर नगर पालिका गरीबों के साथ मजाक कर रही है।
मोहल्ला निवासी कल्लू, हैदर अली, अमित, पप्पू का कहना है कि अलाव के लिए जो लकड़ी नगर पालिका ने गिराया है। वह जलने योग्य नहीं है। ईओ नगर पालिका विंध्याचल ने कहा कि लकड़ी हरी है तो क्या हुआ? जला मोबिल व साइकिल के टायर के साथ लकड़ी को जला दिया जाएगा।