-जिले में दो वर्ष पहले तक नहीं थे फुटबाल के प्रशिक्षक
-इस वर्ष नेशलन कैंप करके स्पोर्ट्स कॉलेज में जगह बनाई
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। प्रशिक्षक के अभाव में खिलाड़ी जहां खेल छोड़ रहे हैं। वहीं कोच के आने के बाद कम समय में ही खिलाड़ी बेहतर प्रदर्शन करते हुए राज्य से नेशनल टीम तक प्रतिभाग कर रहे हैं। इससे खिलाड़ी जिले का मान बढ़ाने के साथ एक नई टीम भी खड़ी कर रहे हैं। फुटबाल का कोच न होने से दो वर्ष पहले जिस स्टेडियम में सन्नाटा छाया रहता था। वहीं अब तक 15 खिलाड़ियों ने राज्य स्तर तक का सफर आसान कर लिया है, जबकि एक खिलाड़ी ने नेशनल कैंप करके स्पोर्ट्स कॉलेज में जगह बना ली है।
जिले में प्रतिभा की कमी नहीं है, लेकिन उसे तराशने के लिए गुरु नहीं मिल रहे हैं। स्टेडियम में दो वर्षों से फुटबाल का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इससे स्टेडियम में प्रतिदिन 40 से अधिक खिलाड़ी प्रशिक्षण लेने आते हैं। बेहतर प्रशिक्षण मिलने से खिलाड़ी मंडल हीं नहीं अब राज्य स्तर पर भी बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। जिले से अब तक पांच खिलाड़ियों ने दाे से तीन बार राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में मंडल के तरफ से प्रतिभाग करते हुए बेहतर प्रदर्शन कर चुके हैं।
वहीं एक खिलाड़ी ने नेशनल कैंप में भाग लेकर स्पोर्ट्स कॉलेज में अपनी जगह बनाई हैं। जिले के खिलाड़ी अंश प्रताप सिंह ने दो वर्षों के बेहतर प्रदर्शन से स्टेडियम में प्रशिक्षण लेकर स्पोर्ट्स कॉलेज तक का सफर आसान किया हैं। वहीं अब तक 15 खिलाड़ियों ने राज्य स्तर तक प्रतिभाग किया है। जबकि इसमें से अनुज कुमार गौड़, शिवांग पांडेय, फैसल खान, ओमजी मौर्य, मो सलमान, तन्मय उपाध्याय ने मात्र दो साल से प्रशिक्षण लेकर राज्य स्तर तक की प्रतियोगिता में दो से तीन बार प्रतिभाग किए हैं।
-
वर्जन
अब तक खिलाड़ी ने नेशनल कैंप करके स्पोर्ट्स कॉलेज में चयन हुआ है। जबकि कई खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन के दम पर मंडल के तरफ से राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में दो से तीन बार भाग लिए हैं।
-राजलक्ष्मी चौधरी, कोच फुटबाल