-हजरत अली ने दुनिया को हक, सच्चाई, मानवता के रास्ते पर चलने की सीख दी : जमाल हैदर
-पैदाइश के मौके पर हल्लौर में जश्न-ए-मौला ए कायनात महफिल हुई
संवाद न्यूज़ एजेंसी
डुमरियागंज। शिया समुदाय के पहले इमाम हजरत अली की पैदाइश के उपलक्ष्य में हल्लौर स्थित मोजीज अब्बास के आवास पर रविवार की रात जश्न-ए-मौला ए-कायनात महफिल मुनक्किद की गई। इसमें स्थानीय शायरों ने कलाम- कसीदे पढ़े। उलेमाओं ने हजरत अली की जिंदगी और किरदार (विशेषता- महानता) पर तब्सरा पेश किया।
जश्न-ए-मौला ए-कायनात का आगाज शादाब हल्लौरी ने कलाम पाक की तिलावत करके किया। इसके बाद नात पाक हसन जमाल और लकी हल्लौरी ने पेश किया। महफिल में शमशाद हल्लौरी, डॉक्टर कायनात हल्लौरी, नौशाद, फलक, अफसर, जांबाज, काजिम बाबा, काबिस, अजीम, अर्श, रजा, कमर तथा कामयाब बबलू आदि ने हजरत अली की शान में कलाम और कसीदा पेश किया।
आखिर में जाकिर जमाल हैदर और अजीम हैदर ने कहा कि इमाम हजरत अली ने हमेशा हक सच्चाई और इंसाफ, मानवता की भलाई के रास्ते पर चलने का पैगाम दिया। उन्होंने जितनी भी जंगें लड़ीं, वह इस्लाम व दीन की हिफाजत के लिए लड़ीं। आज सभी लोगों को हजरत अली के जीवन और उनके किरदार से सीख लेते हुए सच्चाई, भलाई के रास्ते पर चलते रहने का इरादा करना चाहिए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता जमाल हैदर तथा संचालन हैदर हल्लोरी ने किया।