तहसील क्षेत्र शोहरतगढ़ में विगत चार दिनों से सिर्फ दो घंटा विद्युत आपूर्ति मिल रही है। उसमें भी बार-बार ट्रिपिंग के चलते बिजली लोगों के लिए बेमतलब साबित हो रही है।
आक्रोशित उपभोक्ताओं ने बताया कि जेई और एसएसओ की मिलीभगत से हमारे क्षेत्र में चार दिनों से विद्युत आपूर्ति प्रभावित चल रही है। पूछने पर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाती है और कुछ ही देर बाद काट दी जाती है।
पिछले चार दिनों से 24 घंटे में सिर्फ दो घंटा बिजली मिल रही है और उसमें भी बार-बार बिजली कटौती से हम लोगों की समस्या बढ़ गई है।
सोमवार को पावर हाउस परसिया पर विद्युत उपभोक्ता पहुंच कर बिजली आपूर्ति बहाल कराने के लिए लगी रही। इसके बाद भी स्थिति जस की तस बनी रही।
उपभोक्ता सतीश मित्तल ने बताया कि पिछले सप्ताह बोहली फीडर जल गया। इस कारण हम लोगों को 24 घंटे बिजली नहीं मिली। उसके बाद से आज तक हम लोगों को सिर्फ 24 घंटे में दो घंटे बिजली मिल रही है।
जबकि रोस्टर के हिसाब से दिन में 11 से छह बजे तक और रात में दस बजे से सुबह पांच बजे तक विद्युत आपूर्ति मिलनी चाहिए।
शुक्रवार को नया फीडर आने पर जेई और एसएसओ की मिलीभगत के कारण शोहरतगढ़ के फीडर पर बरगदवा विद्युत आपूर्ति चालू कर दी गई और नए फीडर में शोहरतगढ़ को जोड़ कर चालू किया गया। कुछ ही घंटे बाद शोहरतगढ़ का फीडर में फाल्ट से जल गया।
शाम को फाल्ट ठीक होने के बाद विद्युत आपूर्ति एक घंटे के लिए चालू किया गया। उसी दिन से आज तक हमारे क्षेत्र में दिन भर में सिर्फ दो घंटे आपूर्ति मिल रही है।
उसमें भी शटडाउन के चक्कर में बार-बार कटौती से बेमतलब साबित हो रही है। उपभोक्ता रामसेवक गुप्ता ने कहा कि तहसील क्षेत्र में 16 से 18 घंटा विद्युत आपूर्ति का शेडयूल शासन से निर्धारित है।
इसके बाद भी विद्युत विभाग के जेई और एसएसओ की मिली भगत से हम उपभोक्ताओं को विद्युत आपूर्ति सही ढंग से नहीं मिल रही है। ऐसे में शासन की मंशा पर विभाग के लोग पानी फेर रहे हैं।
उपभोक्ता सुनील, राजेश अग्रहरी, लवकुश मोदनवाल, शम्मू अंसारी, मनोज गुप्ता, मो. सद्दीक, जावेद उर्फ बबलू, दीपक, संजय, मोनू आदि ने कहा कि जल्द से जल्द आपूर्ति नियमानुसार मिलना नहीं शुरु हुआ तो हम लोग सड़क पर उतरने को बाध्य होंगे। इसकी सारी जिम्मेदारी सिर्फ विद्युत विभाग के अधिकारी व प्रशासन की होगी।