खेसरहा। भाइयों को दीर्घायु बनाने वाला बहुला व्रत का त्योहार मंगलवार को मनाया जाएगा। संस्कृत पाठशाला के पूर्व प्रधानाचार्य पं इंद्रासन मिश्र ने बताया कि 12 अगस्त को बहनें प्रभात काल में स्नानादि करके अपने भाइयों को दीर्घायु और आरोग्य बनाने के लिए दिन भर निर्जल उपवास करेंगी। अपराह्न काल में गौ माता की पूजा व बहुला गाय की कथा सुनकर सूर्यास्त के बाद मीठा (दूध रोटी) का आहार लेकर व्रत को पूर्ण करेंगी।
इस व्रत में नमक, चावल, दही व गाय के दूध का प्रयोग नहीं किया जाता है। इसी तरह 14 अगस्त बृहस्पतिवार को माताएं अपने पुत्रों को दीर्घायु, आरोग्य एवं यशस्वी बनाने के लिए तीन छट्ठी का व्रत रखेंगी। महिलाएं छठ माता के समीप पहुंच कर छठ माता का प्रतीक माना जाने वाला कुश के पत्तों में छह गांठ बांध कर माताएं अपने परिवार के सुख समृद्धि एवं आरोग्य जीवन के लिए माता से अर्जी लगाती है।