- पांचों तहसीलों में आय, जाति, निवास और ईडब्ल्यूएस प्रमाणपत्रों के आवेदन लंबित
- काली पट्टी बांधकर समाधान दिवस में किया काम
- मांगें पूरी नहीं होने पर 24 अक्तूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी
सिद्धार्थनगर। लेखपालों के ऑनलाइन कार्य बहिष्कार से जिले की पांचों तहसीलों में आय, जाति, निवास और ईडब्ल्यूएस प्रमाणपत्रों की रिपोर्ट अटक गई है। इसके अलावा फैमिली आईडी, वरासत, नाम संशोधन और जमीन के बंटवारे से जुड़े मामलों की ऑनलाइन रिपोर्ट भी नहीं लग पा रही है। इससे आवेदकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई लोग जरूरी काम पूरा कराने के लिए तहसीलों के चक्कर काट रहे हैं।
लेखपाल संघ आठ सूत्री मांगों को लेकर चरणबद्ध आंदोलन कर रहा है। इसके तहत लेखपाल ऑनलाइन कार्यों का बहिष्कार कर रहे हैं, जबकि ऑफलाइन काम जारी है। शनिवार को जिले के विभिन्न थानों में आयोजित थाना समाधान दिवस में लेखपालों ने काली पट्टी बांधकर काम किया और विरोध जताया।
डुमरियागंज क्षेत्र के भवानीगंज में एसडीएम विवेकानंद मिश्रा की मौजूदगी में आयोजित थाना समाधान दिवस में लेखपाल काली पट्टी बांधकर शिकायतों के निस्तारण की कार्रवाई करते दिखे। इसी तरह सदर, उसका, बांसी, शोहरतगढ़ और इटवा सहित अन्य क्षेत्रों में भी लेखपालों ने विरोध जताया।
24 अक्तूबर से हड़ताल की चेतावनी
लेखपाल संघ वेतन विसंगति दूर कर 2800 ग्रेड-पे देने, अंतरमंडलीय तबादले, पदोन्नति, भत्तों में बढ़ोतरी और ग्राम सचिवालयों में सुविधाएं बढ़ाने सहित आठ मांगों को लेकर आंदोलन कर रहा है। संघ के कार्यक्रम के अनुसार, 14 अक्तूबर को बाइक रैली निकाली जाएगी। 17 से 23 अक्तूबर तक तहसील मुख्यालयों पर धरना-प्रदर्शन होगा। मांगें पूरी नहीं होने पर 24 अक्तूबर से जिला मुख्यालय पर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू करने की चेतावनी दी गई है। लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष अजय कुमार गुप्ता ने कहा कि प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर आंदोलन चल रहा है। मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।