सिद्धार्थनगर। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय कपिलवस्तु भारत और अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त सनवे विश्वविद्यालय मलेशिया के बीच आपसी शैक्षणिक एवं अनुसंधान सहयोग को बढ़ावा देने के लिए मंगलवार को एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। विद्यार्थियों को उत्तम प्रशिक्षण और अंतरराष्ट्रीय स्तर का अनुभव प्रदान करने के प्रयास के अन्तर्गत विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त सनवे विश्वविद्यालय, मलेशिया के साथ कला, विज्ञान, वाणिज्य एवं प्रबंधन के क्षेत्र में शोध, शैक्षणिक आदान-प्रदान पर समझौता हुआ है।
इसमें विश्वविद्यालय की ओर से कुलपति प्रो. कविता शाह और सनवे यूनिवर्सिटी की ओर से वहां के कुलपति प्रो. सिब्रांडीज पोपेम्मा ने हस्ताक्षर किए। इस एमओयू के अंतर्गत दोनों विश्वविद्यालयों के बीच शैक्षणिक आदान-प्रदान, संयुक्त शोध परियोजनाएं, संकाय और छात्र विनिमय, संगोष्ठी, कार्यशाला एवं प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
कुलपति ने कहा कि यह एमओयू हमारे विद्यार्थियों और शोधकर्ताओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देगा तथा दोनों देशों की शैक्षणिक परंपराओं को जोड़ते हुए एक सशक्त वैश्विक शैक्षणिक सहयोग का मार्ग प्रशस्त करेगा। कुलपति ने इस समझौते को विश्वविद्यालय की उपलब्धियों में एक महत्वपूर्ण अध्याय की शुरुआत बताया। इस समझौते के अंतर्गत सिद्धार्थनगर परिक्षेत्र में विज्ञान और प्रौद्योगिकी को बढ़ावा मिलेगा तथा छात्रों के लिए रोजगार के नए अवसर खुलेंगे। उन्होंने विश्वविद्यालय के सभी विद्यार्थियों, संकायाध्यक्षों, विभागाध्यक्षों, शिक्षकों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को इस समझौते की बधाई दी।