सिद्धार्थनगर। राजस्व से संबंधित लंबित चल रहे वादों के कारण संतकबीरनगर जिले की खलीलाबाद तहसील के तहसीलदार (न्यायिक) को राजस्व परिषद ने निलंबित कर दिया है। वहीं जिले के पांचों तहसीलों में लंबित चल रहे तीन हजार से अधिक वादों के चलते यहां भी राजस्व अधिकारी भी कार्रवाई की जद में आ सकते है।
हालांकि राजस्व अधिकारियों का कहना है कि लंबित वादों के निस्तारण में लापरवाही नहीं बरती जा रही है।
जिले के डुमरियागंज तहसील में एसडीएम कोर्ट में 228 मामले लंबित है। हालांकि इसमें एक वर्ष से अधिक समय से लंबित महज 103 मामले है। वहीं एसडीएम न्यायिक डुमरियागंज कोर्ट में 398 में से 153, तहसीलदार डुमरियागंज कोर्ट में 702 लंबित वादों में 132 और तहसीलदार न्यायिक डुमरियागंज कोर्ट में 622 में 101 मामले एक वर्ष से अधिक समय पुराने हैं।
इसी तरह एसडीएम इटवा न्यायिक के यहां तीन वर्ष से कम 216 जबकि तीन वर्ष से अधिक 15 मुकदमे लंबित है। एसडीएम इटवा प्रशासनिक की कोर्ट में तीन वर्ष से कम 130 और तीन वर्ष से अधिक छह मामले लंबित हैं। तहसीलदार न्यायिक इटवा कोर्ट में एक वर्ष से अधिक समय से तीन और तहसीलदार प्रशासनिक के पास एक वर्ष से अधिक समय से 10 मुकदमा लंबित है। शोहरतगढ़ तहसील में एसडीएम कोर्ट में 200 वाद और तहसीलदार कोर्ट में 229 मामले लंबित है। वहीं बांसी तहसील में एसडीएम न्यायालय 451 मामले, एसडीएम न्यायिक के पास 540 और तहसीलदार न्यायालय में 329 मामले लंबित चल रहे हैं।