शिकायत के बावजूद कोटेदार पर कार्रवाई न होने से क्षुब्ध के ग्रामीण गुरुवार को तहसील कार्यालय पहुंच गए। बेंव मुस्तकहकम और महतिनिया बुजुर्ग गांव के कार्डधारकों ने प्रदर्शन करते हुए एसडीएम को ज्ञापन सौंपा और कार्रवाई की मांग की। आरोप लगाया कि कोटेदार खाद्यान्न नहीं दे रहा। वितरण में मनमानी कर रहा है।
बेंव मुस्तकहम के ग्रामीणों का कहना था कि फरवरी से ही उन्हें कोटे की दुकान से खाद्यान्न नहीं मिल रहा है। कोटेदार पूरी तरह मनमानी पर उतारू है। विरोध करने पर मारपीट पर आमादा हो जाता है। कई बार उसकी शिकायत आपूर्ति निरीक्षक से भी की जा चुकी है, लेकिन कार्रवाई नहीं हो रही। गांव के पंचराम, विनोद कुमार, आज्ञाराम, श्यामलाल, राम नारायण, रवि कुमार, रोहित, रामकिषुन, प्रज्ञाराम, पट्टूराम, रामदेव, राम नजात, रामतेज आदि ने मामले की निष्पक्ष जांच कर कोटेदार पर कार्रवाई व दो माह के खाद्यान्न की रिकवरी की मांग की। इसी क्रम में महतिनियां बुजुर्ग गांव निवासी सनोज श्रीवास्तव, काशीराम, अछैबर, रामसूरत, मो.सईद, बेकारू आदि ने एसडीएम को शिकायत पत्र सौंपते हुए कहा कि कोटेदार पर फरवरी का राशन नहीं बांटने का आरोप लगाया है। शिकायत के बाद कोटेदार मारने-पीटने की धमकी देता है। इतना ही नहीं जब कोटेदार राशन वितरित करता है तो वह निर्धारित वजन से कम खाद्यान्न देता है। इस संबंध में डुमरियागंज एसडीएम अरुण कुमार राय ने बताया कि एआरओ को जांच के लिए निर्देश दिया गया है। महतिनियां बुजुर्ग गांव के कोटे की जांच नायब तहसीलदार को सौंपी गई है। रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई अवश्य की जाएगी।