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कांशीराम आवासीय कॉलोनी बदहाल

Thu, 21 Apr 2016 10:53 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
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काशीराम आवास में कूडे का अंबार । - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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शासन-सत्ता क्या बदली, कांशीराम शहरी आवासों की हालत ही बिगड़ गई है। यहां की समस्याओं की ओर कोई झांकने तक की जहमत नहीं उठा रहा। नगर से सटे कांशीराम शहरी आवासीय कॉलोनी योजना में समस्याओं का अंबार है। यहां के वाशिंदों को यह भी नहीं मालूम कि वह कहां के नागरिक हैं। लोग अपने को उपेक्षित महसूस कर रहे हैं। कॉलोनी में गंदगी की भरमार है। नालियां जाम हैं। सफाईकर्मी कभी कभार झलक दिखाकर गायब हो जाते हैं। पेयजल की विकट समस्या है। आवासों पर लोगों ने कब्जा जमा रखा है। पात्र व्यक्ति किराए के मकान में रहने को मजबूर है।
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कांशीराम शहरी आवासीय योजना के अंतर्गत पिछले शासन काल में थरौली ग्राम सभा में कॉलोनी का निर्माण कराया गया। 84 ब्लॉक में बनी बहुमंजिली आवासीय कॉलोनी में शहरी निर्धन 1 हजार परिवारों को छत मुहैया कराने की योजना बनी थी।
तीन चक्रों में हुए एलाटमेंट में 772 परिवारों को छत दी गई। वर्ष 2014 में तत्कालीन डीएम एसपी मिश्रा के निर्देश पर कालोनी में पात्रों की जांच की गई, जिसमें 43 आवंटियों के आवंटन को निरस्त किया गया। कॉलोनी में रहने वालों के पेयजल की सुविधा के लिए पानी की एक टंकी का निर्माण कराया गया।
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निर्माण पूरा होने के बाद टंकी का ट्रायल लिया गया। पाइप में लीकेज होने के कारण सप्लाई नहीं की गई। जो अभी तक बंद है। 12 इंडिया मार्क हैंडपंप है। इसमें दो का हैंडिल गायब हो गया है। चार इंडिया मार्क हैंडपंप गंदा पानी दे रहा है।
गंदे पानी के सेवन से लोग बीमार हो रहे हैं। जलनिकासी के लिए नाली बनवाई गई थी। चार सफाईकर्मियों की नियुक्ति भी की गई। नालियां जाम हैं, सफाई कर्मी नदारद रहते हैं। पूरी कॉलोनी में गंदगी का अंबार लगा है। बच्चों के खेलने के लिए 5 पार्क बने हैं। सभी जीर्ण-शीर्ण अवस्था में है।
कॉलोनी में जिनको आवास आवंटित है, वह किराए पर मकान को उठाए है। 7 सौ से लेकर 1 हजार रुपये प्रतिमाह की दर से आवास किराए पर उठे है। कालोनी वासी बताते है कि दो वर्ष पूर्व किराएदारों को कालोनी से बाहर करने के लिए तत्कालीन डीएम एसपी मिश्रा ने वृहद चेकिंग अभियान चलाया था।
एक माह तक चले अभियान में कई किराएदारों को प्रशासन ने बाहर का रास्ता दिखाया था। सदर एसडीएम राजितराम प्रजापति ने बताया कि कॉलोनी की समस्याओं को लेकर कभी भी कोई नहीं आया। पेयजल की समस्या को दिखवाया जाएगा। जल्द ही कमियों को दूर करने की कोशिश किया जाएगा। मतदान से संबंधित मामले की भी जांच की जाएगी।
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