संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। नेपाल सीमा से सटे ककरहवा कस्बा सहित ग्रामीण क्षेत्रों में दुर्गा पूजा की धूम है। बुधवार को नवरात्र के सातवें दिन मां के सातवें स्वरूप कालरात्रि का पूजा-अर्चन पूरे विधि विधान से की गई। क्षेत्र में सजी मां की प्रतिमाओं का पट खुलने के बाद श्रद्धालुओं की भीड़ भी बढ़ने लगी है।
आरती के समय पंडाल धूप-कपूर के गंध से सुगंधित हो रहा है। मां के भजन व जयकारे की गूंज से वातावरण गुंजायमान हो रहा है। ककरहवा कस्बा में स्थापित मां की मनोहारी व भव्य प्रतिमा आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। नेपाल से भी भक्तगण मां के दर्शन पूजन के लिए भारी संख्या में पहुंच रहे हैं। क्षेत्र के ककरहवा, बलुहवा, दुल्हा तिराहा, रमजाननगर, बरगदवा, सलसलवा, बभनी, नन्दनगर, धनगढ़वा आदि गांवों में दुर्गा मंदिरों एवं पंडालों में स्थापित प्रतिमा के समक्ष पूजा अर्चना का दौर जारी है।
जय अंबे जय जगदंबे की गूंज हर तरफ सुनाई दे रही है। दुर्गा पूजा को लेकर भक्तों में उल्लास का माहौल बना हुआ है। माता के दर्शन को भक्तों की टोली पंडालों में उमड़ रही है। आस्था एवं श्रद्धा का पावन पर्व नवरात्र जैसे-जैसे अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच रहा है, पंडालों में श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ती जा रही है।