सिद्धार्थनगर। आईजीआरएस के निस्तारण की स्पष्ट रिपोर्ट संबंधित अधिकारी अपलोड करें। अंतिम निस्तारण रिपोर्ट पर सक्षम स्तर के अधिकारी के दस्तखत जरूरी है। इसके बिना रिपोर्ट अपलोड न करें। ये बातें डीएम पवन अग्रवाल ने कलक्ट्रेट सभागार में आईजीआरएस की समीक्षा बैठक में कही।
जिलाधिकारी पवन अग्रवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा निर्देश दिया गया है कि जन सुनवाई समाधान प्रणाली का लाभ जनमानस को मिलना चाहिए। निस्तारण के बाद आवेदक के असंतुष्ट फीडबैक प्राप्त होने पर अधीनस्थ अधिकारी के निस्तारण से सहमत होने के बावजूद मामले को स्पेशल क्लोज करने के स्थान पर एल-2, एल-3 और एल-4 स्तर के अधिकारी अधीनस्थ की आख्या को ही दोबारा पोर्टल पर अपलोड कर रहे है। तहसील स्तर से संबधित प्रकरणों के निस्तारण में नोटिस की प्रति अपलोड न करे बल्कि सक्षम स्तर के अधिकारी के दस्तखत वाले अंतिम निस्तारण रिपोर्ट की प्रति अपलोड की जाये। यदि कोई उच्च स्तर के अधिकारी द्वारा अग्रसारित होकर आपको प्राप्त होता है परंतु वह आपके कार्यालय से संबधित नही है तो उसे संदर्भ प्रेषक अधिकारी को वापस किया जाएगा। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि आईजीआरएस पर प्राप्त होने वाली शिकायतों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करे। इस दौरान सीडीओ जयेंद्र कुमार, एडीएम उमाशंकर, एसडीएम डॉ. ललित कुमार मिश्र, डॉ. नरेंद्र कुमार बाजयेपी उपस्थित रहे।