सिद्धार्थनगर। जोगिया ब्लॉक प्रमुख के विरुद्ध लामबंद हुए 49 क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने शुक्रवार को कलक्ट्रेट पहुंचकर अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया। जोगिया ब्लॉक के 66 क्षेत्र पंचायत सदस्यों में 49 ने ब्लॉक प्रमुख सावित्री देवी के विरुद्ध विभिन्न आरोप लगाते हुए शपथ पत्र देकर अविश्वास व्यक्त किया है। उन्होंने अपर एसडीएम शशांक शेखर राय को अविश्वास प्रस्ताव संबंधी पत्रक सौंपा है।
जोगिया ब्लॉक के क्षेत्र पंचायत सदस्य ओमप्रकाश, रेखा सिंह, सुनील कुमार पांडेय, बालकृष्ण आदि ने डीएम को संबोधित अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया है। उन्होंने ब्लॉक प्रमुख सावित्री देवी पर क्षेत्र पंचायत तथा समितियों की बैठक न बुलाने, कार्यों का संपादन न करने का आरोप लगाया है। प्रमुख पर वित्तीय प्रशासन की जानकारी न देने, अपने कर्तव्यों का पालन न करने और अधिकारों का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया है। साथ ही क्षेत्र पंचायत निधि का दुरुपयोग करने, बिना कार्य के ही भुगतान करने और मानक के विपरीत व्यक्ति विशेष को लाभ पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने प्रमुख के वित्तीय एवं प्रशासनिक अनियमितताओं का संज्ञान लेते हुए पंचायत अधिनियम के तहत कार्रवाई करने की मांग की है। इस दौरान अज्ञाराम चौहान, रेखा, राजेंद्र, सुशील कुमार, अनिल चौधरी, शीला व बालकेश्वर मौजूद रहे।
सदस्यों ने की है जांच की मांग
जोगिया ब्लॉक के क्षेत्र पंचायत सदस्य कुलदीप चौधरी, अखिलेश सिंह व रामकिशोर ने दिए शिकायती पत्र में कई गंभीर आरोप लगाए है। उन्होंने ब्लॉक क्षेत्र में पिछले वर्ष हुए 27 परियोजनाओं पर निविदा करा धन गबन करने का प्रयास किया जा रहा था। इसकी शिकायत पर निविदा प्रक्रिया निरस्त कर दी गई थी। अब उसी पर लोकार्पण का बोर्ड लगाकर और फर्जी भुगतान करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने मामले की जांचकर कार्रवाई की मांग की है।
छह माह में दूसरे ब्लॉक में आया अविश्वास
जिले के 14 ब्लॉकों में 10 से अधिक ब्लॉकों के प्रमुख पद पर भाजपा का कब्जा है। छह माह के अंदर जिले में भाजपा के दो ब्लॉक प्रमुखों के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव आ चुका है। इससे पहले उसका ब्लॉक में भी ब्लॉक प्रमुख ललावती चौहान के विरोध में ब्लॉक के 52 में 42 क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव की नोटिस दिया है। हालांकि नोटिस देने के दो माह बाद भी अब तक मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई है, लेकिन भाजपा के प्रमुखों के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव आने से जिले में राजनीतिक सरगर्मी बढ़ गई है।