टिकरिया प्राथमिक विद्यालय पर बच्चों की उपस्थिति कम रही।
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परिषदीय स्कूलों के नियमित संचालन के लिए बीएसए लाख सख्ती दिखा लें, शिक्षकों की मनमानी थमने का नाम नहीं ले रही। उच्चाधिकारियों के निर्देशों को ठेंगा दिखाते हुए शिक्षक स्कूलों से गायब हैं।
आलम यह है कि मनमाने ढंग से शनिवार को स्कूल ही नहीं खोला गया। जोगिया विकासखंड में इस तरह की नजीर दिखी। यहां साढ़े 10 बजे तक स्कूल बंद था। जो स्कूल खुला था, वहां भी बच्चे नगण्य थे। लिहाजा शिक्षक ने उन्हें भी घर भेज दिया।
एक अप्रैल से परिषदीय स्कूल खुलने का समय सुबह 8 बजे से हो गया है। जोगिया ब्लॉक के पोखरभिटवा में साढ़े 10 बजे तक ताला लगा था। दूर-दूर तक न शिक्षक थे न बच्चे। ग्रामीणों ने बताया कि बच्चे तो आए थे, लेकिन इंतजार कर लौट गए। गांव के सिद्धार्थ कुमार ने बताया कि प्रधानाचार्य एमडीएम का फार्म जमा करने गई हैं। ऐसे में स्कूल बंद है। इसी ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय टिकरिया में बच्चे नदारद थे। प्रधानाचार्य का भी पता नहीं था। सहायक अध्यापक स्वाति मिश्र ने बताया कि प्रधानाचार्य चार्ज देकर गई हैं। गेहूं कटाई चल रहा है, लिहाजा बच्चे नहीं आ रहे।
इस संबंध में खंड शिक्षा अधिकारी रमेश कुमार ने बताया कि शनिवार को स्कूल खुलना था। अगर विद्यालय पर ताला लगा था तो यह गंभीर मामला है। इसकी जांच कराएंगे। संबंधित से स्पष्टीकरण लेते हुए कार्रवाई की जाएगी।