संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। कोतवाली क्षेत्र के कान्हें कुसुम गांव के पास गुजरने वाली बूढ़ी राप्ती नदी में नहाते समय डूबे युवक और किशोर व युवक का 24 घंटे बाद दूसरे दिन शनिवार भी पता नहीं लग सकता है। एसडीआरएफ गोरखपुर की टीम सुबह से ही संभावित स्थान को छान रही है। वहीं, जोगिया पुलिस स्थानीय गोताखोरों की भी मदद ले रही हैं। उनका कोई पता नहीं चला। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है।
जोगिया कोतवाली क्षेत्र के कान्हें कुसुम गांव में एक रिश्तेदार के यहां सद्दाम (30) पुत्र नत्थू, साहेब (19) पुत्र कुर्बान निवासी बरगदवा थाना रामनगर जिला बेतिया बिहार नूर मोहम्मद नाम के एक ठेकेदार के साथ मकान निर्माण में कार्य करते थे।
बताया जा रहा है कि गांव में जमाल (17) पुत्र रहीस निवासी कान्हें कुसुम और तीन अन्य लोगों के साथ गांव के बगल से गुजरने वाली बूढ़ी राप्ती नदी में नहाने में चले गए थे। सभी नहा रहे थे, तभी जमाल डूबने लगा। उसको डूबता देख दोनों बचाने चले गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक तीनों डूब गए। साथ गए अन्य लोगों को जानकारी दी। मामले की जानकारी मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंच गए, लेकिन तब तक तीनों डूब चुके थे। इसमें एक की लाश मिल गई है। दो अन्य की तलाश के लिए सुबह ही गोरखपुर की एसडीआएफ की टीम सुबह से ही तलाश में लगी है, लेकिन शाम तक कुछ पता नहीं चल सका। घटना स्थल पर कई गांव के लोग जुटे हैं। वहींं, डूबने के बाद परिवार के लोगों का रो- रोकर बुरा हाल है।
इस संबंध में एसओ जोगिया अनूप कुमार मिश्र ने बताया कि सुबह से ही तलाश की जा रही है। एसडीआरएफ की टीम लगी हुई है।