सिलीगुड़ी में समिति की बैठक में सांसद जगदंबिका पाल ने उठाया मामला
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। सांसद जगदंबिका पाल ने सिलीगुड़ी में आयोजित लोक लेखा समिति की संसदीय अध्ययन यात्रा बैठक के दौरान कपिलवस्तु में हेलीपोर्ट की अनिवार्यता का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण मांग सरकार की उड़ान योजना की समिति में उठाई गई है। यह एक महत्वपूर्ण पहल है। इसका उद्देश्य पूरे भारत में टियर दो और टियर तीन शहरों में क्षेत्रीय हवाई कनेक्टिविटी को बढ़ाना है। ताकि हवाई यात्रा को जनता के लिए अधिक सुलभ बनाया जा सके।
सांसद ने बताया कि समिति ने नागरिक उड्डयन मंत्रालय के साथ अपनी बैठक में उड़ान योजना के प्रदर्शन मूल्यांकन पर चर्चा की। उड़ान का अर्थ है उड़े देश का आम नागरिक। यह छोटे शहरों में हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत करने पर केंद्रित है।
यह पहले से वंचित क्षेत्रों में किफायती हवाई यात्रा विकल्पों की सुविधा प्रदान करके क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कपिलवस्तु में हेलीपोर्ट की मांग का महत्व उसके बौद्ध सर्किट का अंग होने के कारण बढ़ गया है। यह भगवान बुद्ध के जीवन से जुड़े पांच स्थानों का एक समूह है।
कपिलवस्तु, कुशीनगर, बोधगया, सारनाथ और श्रावस्ती सहित ये स्थल सामूहिक रूप से राष्ट्रव्यापी विदेशी पर्यटकों के आगमन का लगभग छह प्रतिशत हिस्सा है। जबकि अन्य स्थानों पर हवाई संपर्क स्थापित किया गया है। भगवान बुद्ध का जन्मस्थान कपिलवस्तु इस तरह के बुनियादी ढांचे से वंचित है। बौद्ध तीर्थ यात्रियों के लिए हवाई कनेक्टिविटी की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। इससे यहां विदेशी पर्यटकों के आवागमन की तादाद बढ़ेगी।