बाढ़ से टूटी सड़क व पुलिया के कारण दो माह से घर नहीं जा सके विधायक
सिद्धार्थनगर। बाढ़ में टूटी सड़क, पुलिया एवं बांधों की मरम्मत में देरी का मामला जिला निगरानी समिति की बैठक में जोरशोर से उठा। शिक्षक विधायक ध्रुव कुमार त्रिपाठी ने कहा कि टूटी सड़क व पुलिया के कारण वह दो माह से घर नहीं जा सके हैं। अपने पिता से नहीं मिल सके हैं। बैठक की अध्यक्षता कर रहे सांसद जगदंबिका पाल की पहल पर डीएम संजीव रंजन ने एक सप्ताह में रास्ता दूरुस्त कर आवागमन संचालित करने की बात कहीं। शिक्षक विधायक ध्रुव कुमार त्रिपाठी खेसरहा ब्लॉक के बेलहरा गांव के निवासी हैं।
लोहिया कला भवन में आयोजित जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में मनरेगा समेत विभिन्न केंद्रीय योजनाओं एवं विकास कार्यक्रमों की समीक्षा की गई। बैठक में उसका बाजार में अजगरा बांध के कटान की मरम्मत का मामला उठा तो पूर्व विधानसभा अध्यक्ष व विधायक माता प्रसाद पांडेय ने इटवा क्षेत्र में भोजपुर-शाहपुर बांध में गैप भरने का मामला उठाया। उन्होंने बताया कि मामला विधानसभा में उठाया तो जल संसाधन मंत्री ने गैप भरने के लिए 72 करोड़ रुपये मंजूर करने की जानकारी दी।
सिंचाई विभाग के एई घनश्याम पांडेय ने बताया कि अभी पांच करोड़ रुपये आवंटित हुए हैं, जिससे तीन गैप भरने के लिए भूमि अधिग्रहण की कार्यवाही की गई है। विधायक विनय वर्मा ने विकास कार्यों में अनियमितता की जांच के लिए समय सीमा निर्धारित करने की बात कही। उन्होंने कहा कि बाढ़ हटने के एक माह बाद भी क्षेत्र के कई गांवों में बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हुई है।
उनके क्षेत्र में शासन से सात प्रोजेक्ट स्वीकृत हुए हैं, लेकिन अधिकारी जमीन उपलब्ध कराने में रुचि नहीं ले रहे हैं। ब्लॉक प्रमुख के प्रतिनिधि लवकुश ओझा व नरेंद्र मणि त्रिपाठी ने शौचालय निर्माण में अनियमितता का मामला उठाया। बैठक में विधायक सैयदा खातून, एमएलसी सुभाष यदुवंशी, एसपी अमित कुमार आनंद, सीडीओ जयेंद्र कुमार, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि उपेंद्र सिंह, डीसी मनरेगा संजय शर्मा मौजूद रहे।
जांच में दोषी, फिर भी कार्रवाई नहीं
विधायक माता प्रसाद पांडेय ने कहा कि इटवा क्षेत्र में वयनिया गांव में 115 ग्रामीणों के नाम व्यक्तिगत शौचालय की धनराशि निकाल ली गई। जबकि न तो उन्हें धन मिला और न ही उनके घर शौचालय बना। इसकी शिकायत सीएम से करने के बाद पंचायत राज मंत्री ने जांच करा 76 लोगों के व्यक्तिगत शौचालय की धनराशि निकाले जाने की जानकारी दी। उन्होंने मामले में अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी मांगी। डीपीआरओ आदर्श ने बताया कि दोषी तत्कालीन प्रधान एवं सेक्रेटरी से वसूली एवं कार्रवाई की प्रक्रिया की जा रही है।
घोटाले के दोषी सेक्रेटरी पर करें कार्रवाई
सांसद जगदंबिका पाल ने बैठक में कहा कि बांसी में तैनात रही एक महिला सेक्रेटरी जहां भी तैनात होती हैं वहां ग्राम प्रधान एवं रोजगार सेवक के विरुद्ध केस दर्ज कराती हैं, जबकि उनके विरुद्ध कई ग्राम पंचायतों में अनियमित तरीके से धन निकासी की शिकायतें मिली हैं। वह वहां से हटने के बाद फिर वहां जाने का प्रयास कर रही हैं। विभाग की तरफ से उनके विरुद्ध कार्रवाई में हीलाहवाली की जा रही है। डीएम ने जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया। सांसद जगदंबिका पाल ने जनप्रतिनिधियों की तरफ से उठाए बिंदुओं पर तुरंत कार्रवाई की अपेक्षा व्यक्त की।