बीएसए की खिलाफत करने वाले शिक्षकों के एक गुट को बड़ा झटका लगा है। मंगलवार की सुबह अध्यापकों के बड़े समूह ने लामबंद होकर सदर विधायक विजय पासवान का घेराव किया और बीएसए की कार्यशैली पर उठ रहे सवालों को एक सिरे से खारिज कर दिया।
बता दें कि इससे पूर्व 28 फरवरी को शिक्षकों के एक गुट ने विधायक से मिलकर बीएसए की शिकायत की थी।बीएसए अजय कुमार सिंह ने अपनी तैनाती के समय से ही विद्यालयों में शिक्षकों की नियमित उपस्थिति के लिए सघन अभियान चलाया। जिसमें दोषी मिले अध्यापकों के विरुद्ध बड़े पैमाने पर कार्रवाई की।
इस चपेट में ऐसे भी शिक्षक आए जो स्कूलों से नदारद रहते थे और शिक्षण कार्य के बजाए राजनीतिक गतिविधियों में ज्यादा दिलचस्पी लेते थे। यही वजह रही कि इन्हीं शिक्षकों का एक गुट बीएसए के खिलाफ लामबंद हो गया और सदर विधायक से मिलकर उनकी शिकायत की।
आरोप लगाया कि बीएसए, शिक्षकों के साथ अभद्र व्यवहार करते हैं और विभागीय कार्रवाई के नाम पर उनका शोषण करते हैं। बीएसए की कार्यशैली पर उठ रहे सवालों के बीच मंगलवार को शिक्षकों के एक बड़े समूह ने मंगलवार को सदर विधायक विजय पासवान से उनके पकड़ी स्थित आवास पर मुलाकात की।
समूह की अगुवाई कर रहे शिक्षकों महीउद्दीन, उदयभान मिश्र, अभय श्रीवास्तव, रूपेश सिंह, अरुण सिंह, कोदई प्रसाद, अशोक भारती ने सदर विधायक को बताया कि बीएसए पर लग रहे आरोप निराधार हैं।
स्कूलों की शिक्षण-व्यवस्था में सुधार के लिए बीएसए द्वारा की जा रही कार्रवाई कुछ अध्यापकों को रास नहीं आ रही है। ज्यादातर शिक्षक उनके कार्य-व्यवहार से संतुष्ट हैं और शिक्षा में गुणवत्ता के लिए कार्य कर रहे हैं।
केवल शिक्षण कार्य में रुचि न रखने वाले कतिपय शिक्षकों को ही परेशानी हो रही है और ऐसे लोगों के कारण ही शिक्षा व्यवस्था प्रभावित हो रही है। वहीं इस मसले पर सदर विधायक विजय पासवान ने बताया कि उन्होंने दोनों पक्षों की बात सुनी है पूरे मामले से शासन को अवगत करा दिया गया है।
बीएसए अजय कुमार सिंह ने बताया कि उनके ऊपर लग रहे आरोप निराधार है और विभागीय कार्रवाई नियमानुसार की गई है। तैनाती के समय से ही वे स्कूलों की दशा सुधारने की कोशिश में लगे हैं जिससे कुछ लापरवाह शिक्षकों को परेशानी हो रही है।
इस दौरान शैलेंद्र मिश्र, सुधाकर मिश्र, राकेश सिंह, बालजीत कुमार, सुभाष जायसवाल, नरेंद्र कुमार, रामसेवक, वृहस्पति पांडेय, शिवाकांत दूबे, प्रधान शब्बीर अहमद, मो. सलीम, फिरोज आलम, बीडीसी विनोद, मुश्ताक, इश्तियाक आदि मौजूद रहे।