सलेमपुर। क्षेत्र में कमर्शियल गैस सिलिंडरों की किल्लत अब होटल और रेस्टोरेंट कारोबार पर भारी पड़ने लगी है। सिलिंडर नहीं मिलने से मजबूर होकर दुकानदार पारंपरिक तरीकों की ओर लौट रहे हैं। सलेमपुर नगर समेत आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित कई रेस्टोरेंट, चाय की दुकानों और ढाबों पर अब कोयले के चूल्हे बनाए जा रहे हैं, ताकि किसी तरह कारोबार चलता रहे।
स्थिति यह है कि कई दुकानदारों को सुबह से ही ग्राहकों को चाय और नाश्ता उपलब्ध कराने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गैस की उपलब्धता अनिश्चित होने के कारण कई जगहों पर अस्थायी रूप से कोयले के चूल्हे बनवाए जा रहे हैं।
शनिवार को हरैया लाला स्थित एक रेस्टोरेंट में भी कोयले का चूल्हा तैयार कराया गया। रेस्टोरेंट संचालक विराट के अनुसार कॉमर्शियल गैस सिलिंडर नहीं मिलने के कारण यह कदम उठाना पड़ा। चूल्हा बनवाने में करीब तीन हजार रुपये खर्च आए, लेकिन इसके बिना काम चलाना संभव नहीं था।