सिद्धार्थनगर। माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में एचआईवी के पीड़ितों की प्रथम फेज की दवा सोमवार से समाप्त हो गई है, जबकि अन्य दवाएं भी बेहद कम मात्रा में हैं। इससे मरीजाें को दवा के लिए मेडिकल कॉलेज का बार-बार चक्कर लगाना पड़ता है।
जिले में एचआईवी के 3040 मरीजों की निरंतर दवा चलती है। इसमें से अधिकतर मरीजों को अभी प्रथम फेज की दवा ही दी जा रही है, लेकिन शासन से दवा उपलब्ध नहीं होने प्रथम फेज के मरीजों की दवा समाप्त हो गई है।
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इससे मरीजों को दवा उपलब्ध नहीं हो पा रही है, जबकि मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने 17 फरवरी को एआरटी सेंटर पर टीएलडी की दवा नहीं उपलब्ध होने की सूचना को पोस्टर के माध्यम से भी चिपका दिया है। सूचना में अग्रिम सूचना तक दवा उपलब्ध नहीं होने की बात कही गई है।
इससे डुमरियागंज इटवा क्षेत्र से आ रहे मरीजों को निराश होकर लौट पड़ रहा है। मंगलवार को मेडिकल कॉलेज में डुमरियागंज से आए एक मरीज ने बताया कि टीएलडी की दवा उपलब्ध नहीं है। इससे दवा नहीं मिल पाई।