जिलाधिकारी नरेंद्र शंकर पांडेय ने शुक्रवार की देर शाम विकासखंड के मड़वा गांव में चौपाल लगाई। ग्रामीणों की शिकायतें सुनी और समाधान का निर्देश दिया। वरासत के लंबित मामलों को शनिवार की दोपहर तक निस्तारित करने की हिदायत दी तो बिजली विभाग को आपूर्ति का शेड्यूल बोर्ड पर अंकित कर लोगों को बताने को कहा। इस दौरान उन्होंने शौचालयों के इस्तेमाल और पोषण मिशन के प्रति लोगों से जागरूक होने का आह्वान किया।
शाम 6 बजे से शुरू हुई चौपाल में ग्रामीणों ने कहा कि वरासत के मामले दर्ज नहीं हो रहे। बार-बार चक्कर लगाना पड़ रहा है। इस पर लेखपाल को तलब करते हुए शनिवार को दोपहर तक सभी लंबित मामले निपटाते हुए एसडीएम के माध्यम से अवगत कराने को कहा। ग्रामीणों ने लो वोल्टेज और पेयजल समस्या के बारे में बताया।
ग्राम प्रधान को खराब हैंडपंपों की मरम्मत का निर्देश दिया। प्राथमिक विद्यालय के कक्षा-5वीं की छात्रा सौम्या चौधरी व कंचन मद्धेशिया से 20 का पहाड़ा सुना। तीसरी कक्षा की छात्रा सुमन 11 का पहाड़ा नहीं सुना सकी।
इस पर प्रधानाध्यापक को विद्यालय में पठन-पाठन की गुणवत्ता सुधारने की हिदायत दी। डीएम ने स्वच्छता की महत्ता बताते हुए कहा कि खुले में शौच के लिए न जाएं। इससे गंदगी फैलेगी, जो बीमारी का कारण है। घर में शौचालय बनवाएं। सरकार इसके लिए अनुदान भी दे रही है।
उन्होंने गांव उसके आस-पास साफ-सफाई बनाने पर जोर दिया। महिलाओं-बच्चों के खान-पान को सुधारने की सलाह देते हुए एएनएम, आशा के माध्यम से नियमित जांच करतो रहने की हिदायत दी।
बैठक में एसडीओ सुरेंद्र मिश्रा, एएसपी मंशाराम गौतम, परियोजना निदेशक प्रदीप कुमार पांडेय, सीएमओ डॉ.जीसी श्रीवास्तव, डीडी कृषि डॉ.राजीव कुमार, बीडीओ भगवान सिंह, ग्राम प्रधान सूर्यजीत पाल यादव, सेक्रेट्री विनोद चंद श्रीवास्तव, पूर्व जिला पंचायत सदस्य डॉ.अजीत पाल यादव, प्रधानाचार्य बसंत कुमार, शिवशंकर यादव, संजीव यादव, मुस्तन शेरुल्लाह, राधेश्याम चौधरी, शकील खां आदि मौजूद रहे।